हिसार : नेशनल फर्टिलाइजर लिमिटेड के साथ हुआ एचएयू का समझौता
हिसार, 20 जनवरी (हि.स.)। यहां के हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय की ओर से सात
सामुदायिक रेडियो स्टेशन कृषि क्षेत्र से संबंधित तमाम नवीनतम जानकारियां, प्रौद्योगिकियां,
नवाचार और मौसम से संबंधीत सूचनाओं के प्रचार एवं प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभा
रहे हैं। इनके द्वारा न केवल विश्वविद्यालय की नवीनतम शोध एवं तकनीक संबंधी जानकारियां
किसानों को समय पर उपलब्ध करवाई जा रही हैं बल्कि केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा किसानों
के कल्याणार्थ क्रियान्वित की जा रही योजनाओं एवं कार्यक्रमों को भी प्रभावी तरीके
से पहुंचाया जा रहा है।
यह बात विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो.बीआर कम्बोज ने मंगलवार काे सामुदायिक रेडियो स्टेशन
के साथ नेशनल फर्टिलाइजर लिमिटेड पानीपत के साथ हुए समझौता ज्ञापन के दौरान व्यक्त
किए। प्रो. कम्बोज ने बताया कि ‘पीएम-प्रणाम संतुलित उर्वरक, पोषक तत्व प्रबंधन’ विषय पर विश्वविद्यालय
के सामुदायिक रेडियो स्टेशनों के माध्यम से कार्यक्रमों के संचालन के लिए विश्वविद्यालय
द्वारा समझौता किया गया है। इस समझौते के तहत विश्वविद्यालय नेशनल फर्टिलाइजर लिमिटेड
के सहयोग से पीएम प्रणाम योजना के तहत रासायनिक उर्वरकों के उचित उपयोग से संबंधित
कार्यक्रमों का प्रसारण करेगा।
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय देश का पहला ऐसा विश्वविद्यालय है जिसके पास अपने सात सामुदायिक
रेडियो स्टेशन हैं। इन स्टेशनों में सिरसा, हिसार, जींद, पानीपत, रोहतक, झज्जर व कुरुक्षेत्र
शामिल हैं। हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के सभी रेडियो स्टेशन अपने-अपने क्षेत्र में
वैज्ञानिक वार्ताओं, प्रगतिशील किसानों की कहानियां, मनोरंजन गानों तथा रागनियों के
माध्यम से रासायनिक खादों के संतुलित उपयोग को बढ़ावा देने के लिए कार्यक्रम प्रसारित
कर रहे हैं।
विश्वविद्यालय का एनएफएल कंपनी के साथ हुआ समझौता
कुलपति प्रो. बीआर कम्बोज की उपस्थिति में विश्वविद्यालय की ओर से समझौता ज्ञापन
पर विस्तार शिक्षा निदेशक डॉ. रमेश यादव व सह विस्तार निदेशक डॉ. कृष्ण कुमार यादव
ने हस्ताक्षर किए, जबकि नेशनल फर्टिलाइजर लिमिटेड की ओर से मानव संसाधन विकास के डिप्टी
मैनेजर कुलवंत सिंह पंवार और वित्तीय एवं प्रबंधन में असिस्टेंट मैनेजर कुनिका ठाकुर
ने समझौते पर हस्ताक्षर किए।
विस्तार शिक्षा निदेशक डॉ. रमेश यादव ने बताया कि उपरोक्त समझौते के तहत प्रत्येक
कृषि विज्ञान केन्द्र द्वारा एक वर्ष के दौरान 30 मिनट की अवधि के 180 प्रोग्राम प्रसारित
किए जांएगे। इस योजना के तहत विश्वविद्यालय को एनएफएल की ओर से 50 लाख 40 हजार रूपए
दिए जाएंगे। ज्ञात रहे कि विश्वविद्यालय का इससे पहले एनएफएल के साथ समझौता हुआ था
जिसके माध्यम से सामुदायिक रेडियों स्टेशनों द्वारा 935 कार्यक्रम प्रसारित किए गए।
समझौते से प्रदेश में प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने में भी मदद मिली है।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर