गुरुग्राम: फर्जी बैंक एपीके फाइल से साइबर ठगी करने वाला आरोपी गिरफ्तार

 

-इंडसइंड बैंक कर्मचारी बनकर 78 हजार की ठगी, एटीएम से निकालता था रकम

गुरुग्राम, 25 जुलाई (हि.स.)। साइबर अपराधियों द्वारा फर्जी बैंक एपीके फाइल इंस्टॉल कराकर ठगी करने के मामले में थाना साइबर मानेसर पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस प्रवक्ता संदीप कुमार ने शनिवार को बताया कि आरोपी ने खुद को बैंक कर्मचारी बताकर शिकायतकर्ता से एपीके फाइल इंस्टॉल करवाई। कुछ ही देर में उसके क्रेडिट कार्ड से 78 हजार रुपये उड़ा दिए।

पुलिस के अनुसार 22 मई 2026 को एक व्यक्ति ने थाना साइबर मानेसर में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि 30 अप्रैल 2026 को उसके मोबाइल नंबर पर एक कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को इंडसइंड बैंक का कर्मचारी बताया और कहा कि उसका क्रेडिट कार्ड बैंकिंग ऐप में दिखाई नहीं दे रहा है। इसे ठीक करने के बहाने आरोपी ने व्हाट्सएप पर एक एपीके फाइल भेजी और उसे इंस्टॉल करने को कहा। शिकायतकर्ता ने जैसे ही फर्जी एपीके फाइल इंस्टॉल की, उसके कुछ समय बाद ही उसके इंडसइंड बैंक क्रेडिट कार्ड से लगभग 78 हजार रुपये डेबिट हो गए। शिकायत के आधार पर थाना साइबर मानेसर में संबंधित धाराओं के तहत अभियोग दर्ज किया गया।

थाना साइबर अपराध मानेसर की पुलिस टीम ने मामले की जांच करते हुए तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की और 24 जुलाई को एक आरोपी को गिरफ्तार किया। आरोपी की पहचान कृष्ण कुमार निवासी शिव एंक्लेव नजफगढ़ दिल्ली के रूप में हुई है। पुलिस पूछताछ और जांच में सामने आया कि शिकायतकर्ता के क्रेडिट कार्ड से कटी हुई राशि इजबज मर्चेंट के माध्यम से एक बैंक खाते में ट्रांसफर की गई थी। इजबज पर जो मोबाइल नंबर पंजीकृत था, वह इसी आरोपी कृष्ण कुमार द्वारा संचालित किया जा रहा था। आरोपी ठगी गई राशि को एटीएम के माध्यम से निकाल लेता था। आरोपी को आगे की पूछताछ के लिए न्यायालय में पेश कर एक दिन के पुलिस हिरासत रिमांड पर लिया गया है। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी से इस गिरोह में शामिल अन्य लोगों और इसी तरह की अन्य ठगी की घटनाओं के बारे में पूछताछ की जाएगी।

हिन्दुस्थान समाचार / ईश्वर