गुरुग्राम: एनआईटी कालीकट में हरियाणा के छात्र लक्ष्य सैनी की संदिग्ध मौत

 


-एनआईटी कालीकट से बीटेक कर रहे लक्ष्य की हत्या को आत्महत्या दिखाने का आरोप

-गुरुग्राम के सैनी समाज समेत अन्य सामाजिक लोगों ने की आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग

-हरियाणा के मुख्यमंत्री के निर्देश पर बहादुरगढ़ में जीरो एफआईआर दर्ज हुई

गुरुग्राम, 04 अक्टूबर (हि.स.)। एनआईटी कालीकट में बीटेक के छात्र लक्ष्य सैनी (19) की संदिग्ध मौत मामले में हरियाणा पुलिस ने जीरो एफआईआर दर्ज कर केरल पुलिस को ट्रांसफर कर दी है। लक्ष्य सैनी अगस्त 2025 में एनआईटी कालीकट में बीटेक की पढ़ाई कर रहा था। गुरुग्राम के सैनी समाज समेत अनेक सामाजिक लोगों ने इस घटना पर दुख जाहिर करते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है।

शिकायतकर्ता सुंदरलाल पुत्र ताराचंद सैनी निवासी नया गांव बहादुरगढ़ जिला झज्जर ने रविवार को बताया कि वह इंडियन कोस्टगार्ड में नौकरी करते हैं और अंडमान निकोबार में पोस्टेड है। उनका बेटा लक्ष्य सैनी अगस्त 2025 से एनआईटी कालीकट में बीटेक की पढ़ाई कर रहा था। 23 अगस्त की रात 08:39 बजे लक्ष्य की आखिरी बार अपनी मां से बात हुई थी कि मम्मी मैं अभी परेशान हूं, सोने जा रहा हूं। अगले दिन 24 अगस्त को शाम 07:15 बजे फैकल्टी एडवाइजर अंतु चैको का फोन आया कि लक्ष्य ने सुसाइड अटेम्प्ट किया है। उसे अस्पताल ले जा रहे हैं। कुछ देर बाद वाट्सऐप पर मैसेज आया कि बेटा नहीं रहा। लक्ष्य के पिता सुंदरलाल का आरोप है कि एनआईटी कैंपस में लक्ष्य की हत्या की गई है। पिता ने बताया कि 26 अगस्त को जब वह फ्लाइट से कॉलेज पहुंचे तो ओणम की छुट्टी का हवाला देकर जल्दी पोस्टमार्टम करवाया गया।

केरल पुलिस ने मलयालम भाषा में स्टेटमेंट लिखकर उसकी बेटी गीतांजलि से जबरन हस्ताक्षर करवाए।

शिकायत में सुंदरलाल ने आरोप लगाया कि उसके बेटे को एनआईटी कालीकट के छात्र रबी, हर्ष सिंगला, हर्ष वर्धन, सागरिक, तेजस, सुखिरथ और रूममेट अविनाश व श्रीनाथ द्वारा रैगिंग व परेशान किया जाता था। पिता ने आरोप लगाया है कि इन छात्रों के साथ डीन सत्यनंद पांडा, फैकल्टी अन्नू चैको, वार्डन शरीफ, एफए मुनिश्वर ने मिलकर रैगिंग व हैरेसमेंट कर मारकर फांसी का रूप दिया और सबूत नष्ट किए। लक्ष्य के पिता सुंदर लाल, मां बाला देवी के अलावा रामनिवास व मनबीर सिंह ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से मुलाकात की। मुख्यमंत्री के निर्देश पर हरियाणा पुलिस के अधिकारियों ने पीडि़त परिवार से घर पर मुलाकात की। मुख्यमंत्री के आदेश पर जीरो एफआईआर दर्ज की गई और केरल भेजी गई।

हिन्दुस्थान समाचार / ईश्वर