गुरुग्राम: संवाद एवं सहमति से विवादों के समाधान की संस्कृति को बढ़ावा दें: सीजेएम निशा

 


-पैनल अधिवक्ताओं के साथ बैठक में कही यह बात

गुरुग्राम, 04 अगस्त (हि.स.)। जिला एवं सत्र न्यायाधीश व सह-अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) गुरुग्राम नरेंद्र सूरा के मार्गदर्शन में मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी-सह-सचिव डीएलएसए निशा द्वारा मेडिएशन फॉर नेशन 3.0 अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन के उद्देश्य से पैनल अधिवक्ताओं के साथ बैठक की।

बैठक के दौरान निशा ने कहा कि मध्यस्थता (मेडिएशन) विवादों के समाधान का एक प्रभावी, सरल एवं सौहार्दपूर्ण माध्यम है, जो न केवल न्यायालयों में लंबित मामलों का बोझ कम करता है, बल्कि पक्षकारों के आपसी संबंधों को भी बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने सभी पैनल अधिवक्ताओं से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक उपयुक्त मामलों की पहचान कर उन्हें मध्यस्थता के लिए प्रेरित करें तथा पक्षकारों को मध्यस्थता के लाभों के प्रति जागरुक करें। बैठक में पैनल अधिवक्ताओं को मेडिएशन फॉर नेशन 3.0 अभियान के उद्देश्यों एवं दिशा-निर्देशों से विस्तारपूर्वक अवगत कराया गया। उन्हें निर्देशित किया गया कि वे अपने समक्ष आने वाले प्रत्येक उपयुक्त मामले में सौहार्दपूर्ण समाधान की संभावनाओं का गंभीरता से मूल्यांकन करें तथा पक्षकारों को आपसी सहमति से विवाद निस्तारण के लिए प्रोत्साहित करें।

डीएलएसए सचिव ने यह भी कहा कि इस अभियान का उद्देश्य समाज में संवाद एवं सहमति के माध्यम से विवादों के समाधान की संस्कृति को बढ़ावा देना तथा नागरिकों को त्वरित, सुलभ एवं कम खर्चीला न्याय उपलब्ध कराना है। उन्होंने सभी पैनल अधिवक्ताओं से अभियान को जन-जन तक पहुंचाने तथा इसकी सफलता में सक्रिय एवं सकारात्मक भूमिका निभाने का आह्वान किया। बैठक के अंत में पैनल अधिवक्ताओं ने अभियान के सफल संचालन के लिए अपने सुझाव सांझा किए। मेडिएशन फॉर नेशन 3.0 अभियान को गुरुग्राम में सफल बनाने के लिए पूर्ण सहयोग एवं सक्रिय सहभागिता का आश्वासन दिया।

हिन्दुस्थान समाचार / ईश्वर