हिसार : हरियाणाा का बजट किसान हितैषी, लाभान्वित होंगे कृषि से जुड़े आयाम : प्रो. बीआर कम्बोज

 


हकृवि के सहयोग से दो हजार एकड़ में स्मार्ट

एग्रीकल्चर योजना द्वारा प्राकृतिक खेती शुरू करने का प्रस्ताव

हिसार, 02 मार्च (हि.स.)। हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय

के कुलपति प्रो. बीआर कम्बोज ने हरियाणा सरकार द्वारा प्रस्तुत बजट को किसान हितैषी

बताते हुए कहा कि यह बजट प्रदेश के किसानों की आय बढ़ाने व उत्पाद बेचने, कृषि लागत

कम करने तथा आधुनिक तकनीक को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। बजट में हरियाणा

कृषि विश्वविद्यालय के सहयोग से दो हजार एकड़ के एक क्लस्टर में आधुनिकतम तकनीकों द्वारा

स्मार्ट एग्रीकल्चर नाम से एक नई योजना द्वारा प्राकृतिक खेती शुरू करने का प्रस्ताव

है। इसमें यदि किसानों को किसी प्रकार का भी नुकसान होगा तो उसकी हर पाई की भरपाई हरियाणा

सरकार द्वारा की जाएगी।

कुलपति प्रो. बीआर कम्बोज ने साेमवार काे कहा कि लवणीय भूमि

को पुनर्जीवित किए जाने के लिए एक लाख 40 हजार एकड़ भूमि को खेती लायक किया जाना, मेरा

पानी मेरी विरासत योजना के अंतर्गत 10 हजार प्रति एकड़ अतिरिक्त बोनस दिया जाना, प्राकृतिक

व जैविक किसानों को कृषि उपज बेचने के लिए मंडियों में जगह उपलब्ध करवाने, गन्ना प्रौद्योगिकी

मिशन के अंतर्गत किसानों को तीन हजार प्रति एकड़ की प्रोत्साहन राशि को बढ़ाकर पांच

हजार प्रति एकड़ किया जाएगा। टिश्यू कल्चर के माध्यम से तैयार हुई पौध को किसानों को

अब मुफ्त में उपलब्ध करवाया जाएगा। प्रधानमंत्री मत्स्य सम्पदा योजना के अंतगर्त जिला

हिसार एवं फरीदाबाद में कुल 100 करोड़ रूपए की लागत से दो नवीन एवं आधुनिक मछली मंडियों

की स्थापना की जाएगी।

कुलपति ने कहा कि किन्नू उत्पादक किसानों के

लिए सिरसा में एक जूस प्रसंस्करण संयंत्र का प्रावधान 25 करोड़ की लागत से पीपीपी मोड

में 10 हजार मीट्रिक टन किन्नू और 12 हजार मीट्रिक टन अन्य फलों के जूस का प्लांट उत्पादन

शुरू कर देगा। खाद्य पदार्थों की उत्तम गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए 8 नई व्यापक

एकीकृत खाद्य प्रयोगशालाएं हिसार, नारनौल, सिरसा, जींद, यमुनानगर, रोहतक, फरीदाबाद

व गुरूग्राम में स्थापित की जाएगी। पर ड्रॉप-मॉर क्रॉप प्रोग्राम के अंतर्गत ड्रिप

एवं स्प्रिंकलर सिंचाई प्रणालियों को प्रोत्साहन देने के लिए 1.25 लाख एकड़ अतिरिक्त

क्षेत्र को शामिल किया जाएगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह बजट प्रदेश में कृषि

क्षेत्र को नई दिशा देगा तथा किसानों की समृद्धि सुनिश्चित करने में सहायक सिद्ध होगा।

उन्होंने कहा कि हकृवि अपने अनुसंधान एवं विस्तार कार्यक्रमों के माध्यम से सरकार की

नीतियों को धरातल पर उतारने में सक्रिय सहयोग देता रहेगा।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर