कैथल: व्हाट्सएप पर युवती से हुई दोस्ती, ट्रेडिंग ऐप के झांसे में आकर युवक से लाखों रुपये की साइबर ठगी

 

कैथल, 01 अगस्त (हि.स.)। साइबर अपराधी लोगों को मोटे मुनाफे का लालच देकर नई-नई तरकीबों से ठगी का शिकार बना रहे हैं। कैथल में एक युवक व्हाट्सएप पर हुई दोस्ती के बाद ऑनलाइन ट्रेडिंग ऐप के झांसे में आ गया। देखते ही देखते 14 लाख 66 हजार रुपये गंवा बैठा। ठगी का अहसास होने पर पीड़ित ने साइबर क्राइम थाना में शिकायत दी, जिसके आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

सेक्टर-18 निवासी संदीप ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि चार अप्रैल 2026 को उसके व्हाट्सएप पर अर्पिता नाम की एक युवती का मैसेज आया था। बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ तो युवती ने खुद को जयपुर निवासी बताते हुए एक ऑनलाइन ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म के जरिए निवेश कर भारी मुनाफा कमाने की बात कही। भरोसा दिलाने के लिए उसने कमाई के स्क्रीनशॉट भी भेजे और ट्रेडिंग ऐप का लिंक साझा किया। संदीप ने ऐप डाउनलोड कर उसमें अपना वर्चुअल खाता बनाया। शुरुआत में उसने 49 हजार रुपये निवेश किए, जिस पर उसे करीब 40 डॉलर का लाभ दिखाया गया। इतना ही नहीं, लाभ की राशि उसके बैंक खाते में भी ट्रांसफर कर दी गई। इससे उसका भरोसा और बढ़ गया।

इसके बाद ऐप पर दिए गए कस्टमर केयर नंबर से भी लगातार संपर्क किया जाता रहा। कस्टमर केयर प्रतिनिधि बनकर बात करने वाले लोगों ने उसे अधिक निवेश करने के लिए प्रेरित किया। 19 जून से 15 जुलाई के बीच संदीप ने अलग-अलग किस्तों में कुल 14 लाख 66 हजार रुपये निवेश कर दिए। पूरी राशि और उस पर होने वाला कथित मुनाफा उसके वर्चुअल खाते में दिखाई देता रहा। जब उसने अपने निवेश और लाभ की राशि बैंक खाते में ट्रांसफर करने का प्रयास किया तो ट्रांजेक्शन नहीं हुई। इसके बाद उसने अर्पिता से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उसका मोबाइल नंबर बंद मिला। कुछ ही देर बाद ट्रेडिंग ऐप पर बना उसका वर्चुअल खाता भी बंद कर दिया गया। तब उसे एहसास हुआ कि वह साइबर ठगी का शिकार हो चुका है। पीड़ित की शिकायत पर साइबर क्राइम थाना पुलिस ने संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। मामले की जांच एसआई सुरेंद्र सिंह को सौंपी गई है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि ठगी करने वाले गिरोह का नेटवर्क कहां से संचालित हो रहा था और रकम किन बैंक खातों में ट्रांसफर की गई।

हिन्दुस्थान समाचार / पंकज अत्रे