कांग्रेस ने ठेकेदारी प्रथा को बढ़ाया,भाजपा ने नौकरियों में पारदर्शिता अपनाई:प्रवीण अत्रे

 


कांग्रेस राज में कच्चे कर्मचारियों को कभी नहीं मिला पक्का वेतनचंडीगढ़, 20 अगस्त (हि.स.)। हरियाणा कौशल रोजगार निगम को लेकर कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन पर मुख्यमंत्री के मीडिया सेक्रेटरी प्रवीण अत्रे ने तीखा पलटवार किया है। उन्होंने नेता प्रतिपक्ष भूपिंदर सिंह हुड्डा और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस का रवैया ‘उल्टा चोर कोतवाल को डांटे’ जैसा है। अत्रे ने आरोप लगाया कि जिस ठेकेदारी प्रथा के कारण प्रदेश के युवाओं का शोषण होता था, उसे कांग्रेस सरकार के दौरान संरक्षण मिला। प्रवीण अत्रे ने कहा कि कांग्रेस शासन के दौरान सरकारी विभागों में काम करने वाले युवाओं को ठेकेदारों के माध्यम से रोजगार दिया जाता था। उनके अनुसार ठेकेदार कर्मचारियों की तनख्वाह से कथित तौर पर 3 से 5 हजार रुपये तक की कटौती करते थे। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कर्मचारियों को समय पर वेतन नहीं मिलता था और उन्हें आर्थिक तथा रोजगार संबंधी असुरक्षा का सामना करना पड़ता था।

अत्रे ने कहा कि आज कांग्रेस उसी व्यवस्था के खिलाफ सवाल उठा रही है, जिसे खत्म करने का काम भाजपा सरकार ने किया है। उन्होंने नेता प्रतिपक्ष भूपिंदर सिंह हुड्डा से सवाल किया कि कांग्रेस शासन के दौरान युवाओं के हितों की रक्षा के लिए क्या कदम उठाए गए थे। मुख्यमंत्री के मीडिया सेक्रेटरी ने कहा कि भाजपा सरकार ने युवाओं को ठेकेदारों के शोषण से मुक्त कराने के उद्देश्य से हरियाणा कौशल रोजगार निगम का गठन किया। उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व वाली सरकार ने कानून बनाकर कर्मचारियों की नौकरी को भी सुरक्षा प्रदान की है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के पास सरकार की उपलब्धियों का तथ्यात्मक जवाब नहीं है, इसलिए वह युवाओं को गुमराह करने के लिए एचकेआरएन का मुद्दा उठा रही है। अत्रे ने कहा कि प्रदेश सरकार रोजगार व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और जवाबदेह बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है।

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हिन्दुस्थान समाचार / संजीव शर्मा