ख्याला के स्कूलों में स्वतंत्रता दिवस समारोह में शामिल हुए मनजिंदर सिंह सिरसा

 


नई दिल्ली, 14 अगस्त (हि.स.)। दिल्ली सरकार में पर्यावरण, खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने शुक्रवार को ख्याला स्थित विभिन्न विद्यालयों में आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह में हिस्सा लिया। उन्होंने राजकीय सर्वोदय कन्या विद्यालय नंबर-2, ख्याला, राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय नंबर-1, ख्याला और नवजीवन मॉडल स्कूल में विद्यार्थियों, अभिभावकों, शिक्षकों एवं विद्यालय कर्मचारियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं।

विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस देश के लिए गर्व का अवसर है। यह दिन उन स्वतंत्रता सेनानियों और पूर्वजों के बलिदान को याद करने का अवसर देता है, जिन्होंने देश की आजादी के लिए जेल, यातनाएं और अनेक कठिनाइयां झेलीं। उन्होंने कहा कि आज देश के नागरिक जिस स्वतंत्र वातावरण में पढ़ने, सपने देखने और आगे बढ़ने का अधिकार रखते हैं, वह असंख्य बलिदानों का परिणाम है।

सिरसा ने बेटियों की शिक्षा और सशक्तीकरण पर विशेष जोर देते हुए कहा कि भारत की प्रगति उसकी बेटियों की प्रगति से जुड़ी हुई है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी लगातार बेटियों को समान अवसर देने और उन्हें सशक्त बनाने पर जोर देते रहे हैं। उन्होंने कहा कि बेटी पढ़ेगी, बेटी बढ़ेगी केवल एक नारा नहीं है, बल्कि इसका प्रभाव हमारे विद्यालयों में प्रत्यक्ष दिखाई दे रहा है। अपनी बेटियों को उनके सम्मान, उनके भविष्य और भारत के भविष्य के लिए सशक्त बनाना होगा। देश में वास्तविक बदलाव तभी आएगा, जब हमारी बेटियों का भविष्य बदलेगा।

उन्होंने कहा कि बेटियों को सार्वजनिक जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में अपनी उचित भूमिका निभाने के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि उनमें से कई छात्राएं भविष्य में दिल्ली विधानसभा और संसद का गौरव बन सकती हैं तथा 2047 तक विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती हैं।

मंत्री ने कहा कि भारत युवा शक्ति से संपन्न देश है और इसकी समृद्ध सभ्यता, नदियां, पर्वत, ज्ञान परंपरा तथा महान ऋषियों की विरासत इसकी पहचान हैं। देश का भविष्य युवा पीढ़ी की प्रतिभा, आकांक्षाओं और क्षमता पर निर्भर है। उन्होंने विद्यार्थियों को भारत के “चमकते सितारे” बताते हुए कहा कि यही युवा देश को नई ऊंचाइयों तक ले जाएंगे।

सिरसा ने विद्यालयों के शिक्षकों और प्रधानाचार्यों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षक समाज में विशिष्ट स्थान रखते हैं। वे विद्यार्थियों को केवल पाठ्यक्रम का ज्ञान ही नहीं देते, बल्कि उन्हें संस्कार, दिशा और जीवन में आगे बढ़ने का आत्मविश्वास भी प्रदान करते हैं।

उन्होंने सभी शिक्षकों और प्रधानाचार्यों के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए कहा कि विद्यार्थियों के सपनों को पंख देने में शिक्षकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि शिक्षक बच्चों को समाज में जिम्मेदारी के साथ रहने और भविष्य की चुनौतियों का आत्मविश्वास से सामना करने के लिए तैयार करते हैं।

सिरसा ने स्वतंत्रता दिवस पर विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों, प्रधानाचार्यों, शिक्षकों और गैर-शैक्षणिक कर्मचारियों को बधाई देते हुए विश्वास जताया कि आज के विद्यार्थी भविष्य में देश के सक्षम और जिम्मेदार नागरिक बनेंगे। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग और बलिदान से प्रेरणा लेकर प्रत्येक नागरिक को राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान देना चाहिए।

सिरसा ने विद्यालय समुदाय को शुभकामनाएं देते हुए विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य और मजबूत, समृद्ध एवं विकसित भारत की कामना की।

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हिन्दुस्थान समाचार / माधवी त्रिपाठी