अंतरराष्ट्रीय योग दिवस: दिल्ली पुलिस मुख्यालय में हजारों पुलिसकर्मियों ने किया योग, फिट और तनावमुक्त रहने का लिया संकल्प

 


नई दिल्ली, 21 जून (हि.स.)। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार को दिल्ली पुलिस मुख्यालय में योग सत्र का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से लेकर विभिन्न इकाइयों के पुलिसकर्मियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया।

पुलिस अधिकारी के अनुसार हर वर्ष 21 जून को दुनिया भर में मनाया जाने वाला अंतरराष्ट्रीय योग दिवस भारतीय संस्कृति की उस प्राचीन परंपरा का उत्सव है, जो शरीर और मन के बीच संतुलन स्थापित करने के साथ स्वस्थ और अनुशासित जीवनशैली को बढ़ावा देती है। वर्ष 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्ताव के बाद संयुक्त राष्ट्र ने 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मान्यता दी थी।

दिल्ली पुलिस मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम में दिल्ली पुलिस आयुक्त सतिश गोल्छा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को शारीरिक फिटनेस, मानसिक मजबूती और भावनात्मक संतुलन के लिए योग को जीवनशैली का हिस्सा बनाने का संदेश दिया। इस अवसर पर दिल्ली पुलिस के विशेष आयुक्त, संयुक्त आयुक्त, अतिरिक्त आयुक्त, उपायुक्त समेत सभी रैंक के अधिकारियों और कर्मचारियों ने योगाभ्यास में हिस्सा लिया।

यह कार्यक्रम दिल्ली पुलिस के वेलफेयर डिवीजन की ओर से विशेष पुलिस आयुक्त (वेलफेयर) अतुल कटियार के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। इसमें दिल्ली पुलिस की विभिन्न इकाइयों और जिलों से बड़ी संख्या में अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए।

दिल्ली पुलिस के प्रमाणित योग प्रशिक्षकों ने कॉमन योग प्रोटोकॉल के तहत प्रतिभागियों को विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान की विधियों का अभ्यास कराया। सत्र के दौरान तनाव कम करने, शरीर में लचीलापन बढ़ाने और समग्र स्वास्थ्य को बेहतर बनाने पर विशेष जोर दिया गया।

कार्यक्रम में मौजूद वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा कि चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में लगातार ड्यूटी करने वाले पुलिसकर्मियों के लिए योग तनाव प्रबंधन और निवारक स्वास्थ्य देखभाल का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने सभी कर्मियों से नियमित रूप से योग करने और इसे अपनी दिनचर्या में शामिल करने का आह्वान किया।

दिल्ली पुलिस के अधिकारियों ने कहा कि योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है, बल्कि मानसिक एकाग्रता, कार्यक्षमता और निर्णय लेने की क्षमता को भी मजबूत करता है। इससे पुलिसकर्मी अपने दायित्वों का बेहतर तरीके से निर्वहन कर सकते हैं।

मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम के अलावा दिल्ली पुलिस के सभी जिलों और विभिन्न इकाइयों में भी योग सत्र आयोजित किए गए, जिनमें अधिकारियों और कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।

कार्यक्रम के समापन पर सभी प्रतिभागियों ने योग को जीवनभर अपनाने और फिटनेस, मानसिक सजगता तथा समग्र स्वास्थ्य को बढ़ावा देने का संकल्प लिया। दिल्ली पुलिस ने इस आयोजन के माध्यम से एक स्वस्थ, अनुशासित और नागरिक-केंद्रित पुलिस बल के निर्माण की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

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हिन्दुस्थान समाचार / कुमार अश्वनी