(अपडेट) अमित शाह 29 सितंबर को 'बारापुला फेज-3' का करेंगे उद्घाटन
नई दिल्ली, 19 सितंबर (हि.स.)। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह 29 सितंबर को 'बारापुला (बंदा सिंह बहादुर सेतु) फेज-3' मार्ग का उद्घाटन करेंगे जिससे यह परियोजना पूरी होने के साथ अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) से मयूर विहार फेस-1 तक सीधी कनेक्टिविटी स्थापित हो जाएगी। उद्घाटन के दौरान दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता भी मौजूद रहेंगी।
दिल्ली के लोक निर्माण विभाग के मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने शनिवार को परियोजना स्थल का दौरा कर अंतिम तैयारियों की समीक्षा की और पूरे हो चुके निर्माण कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि यह उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के तहत ‘सेवा संकल्प अभियान’ के दौरान हो रहा है। बारापुला फेज-3 पूर्वी दिल्ली के मयूर विहार फेज-I को सराय काले खां से जोड़ते हुए एम्स और दक्षिण दिल्ली की ओर सिग्नल-फ्री कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। यह सराय काले खां स्थित मौजूदा बारापुला कॉरिडोर से जुड़ेगा, जिससे पूरा कॉरिडोर लगभग 9 किलोमीटर का हो जाएगा। पीडब्ल्यूडी 29 सितंबर को होने वाले उद्घाटन कार्यक्रम को लेकर अंतिम तैयारियां कर रही है।
प्रवेश सिंह ने कहा कि एक दशक से अधिक समय से दिल्ली इस परियोजना के पूरा होने का इंतजार कर रही थी और हमारी सरकार ने इस परियोजना का लगातार फॉलो-अप किया, हर चरण में इसकी प्रगति की समीक्षा की और आवश्यक अनुमतियां एवं मंजूरियां पूरी कराने के लिए काम किया। इन प्रयासों के बाद अब यह लंबे समय से लंबित काम पूरा हो चुका है और कॉरिडोर दिल्ली की जनता के लिए खोलने के लिए तैयार है। गृहमंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन और सहयोग से दिल्ली की महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को अधिक गति और जवाबदेही के साथ आगे बढ़ाने का काम किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि बारापुला फेज-3 परियोजना को 2014 में मंजूरी मिली थी और इसका निर्माण कार्य 2015 में शुरू हुआ था। परियोजना को मूल रूप से 2017 तक पूरा किया जाना था, लेकिन बाद में इसमें देरी हुई, जिसके चलते परियोजना की लागत में भी वृद्धि हुई। परियोजना की संशोधित लागत लगभग 1,635 करोड़ रुपये है।
पीडब्ल्यूडी अधिकारियों ने मंत्री को बताया कि एलिवेटेड कॉरिडोर के दोनों रैंप का निर्माण पूरा हो चुका है। इनमें एक रैंप मयूर विहार की ओर से जुड़ता है, जबकि दूसरा सराय काले खां के पास मौजूदा कॉरिडोर से जुड़ता है। यमुना नदी पर एक्स्ट्रा-डोज्ड ब्रिज का निर्माण भी पूरा हो चुका है, जो एलिवेटेड कॉरिडोर की कनेक्टिंग संरचना का हिस्सा है। कॉरिडोर में समर्पित साइकिल ट्रैक के साथ पैदल यात्रियों के लिए अनुकूल बुनियादी सुविधाएं भी शामिल हैं।
मंत्री प्रवेश सिंह ने कहा कि इस परियोजना को सड़क का उपयोग करने वाले विभिन्न वर्गों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है। वाहनों की कनेक्टिविटी के साथ-साथ समर्पित साइकिल ट्रैक और पैदल यात्रियों के लिए अनुकूल बुनियादी सुविधाएं दिल्लीवासियों को आवागमन के अतिरिक्त विकल्प उपलब्ध कराएंगी। एलिवेटेड कॉरिडोर, दोनों कनेक्टिंग रैंप और यमुना पर एक्स्ट्रा-डोज्ड ब्रिज का निर्माण पूरा हो चुका है।
उल्लेखनीय है कि बारापुला परियोजना दिल्ली का एक बहुचरणीय शहरी अवसंरचना परियोजना है, जिसका उद्देश्य पूर्वी दिल्ली को दक्षिणी दिल्ली से तेज और सिग्नल-फ्री कनेक्टिविटी प्रदान करना है। इसका पहला चरण 2010 में राष्ट्रमंडल खेलों के दौरान सराय काले खान से जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम तक बनाया गया था। दूसरा चरण 2018 में आईएनए मार्केट और अरविंद मार्ग तक विस्तारित हुआ। तीसरा चरण, जो 2026 में पूरा हुआ, मयूर विहार को सराय काले खान और एम्स से जोड़ता है। लगभग 3.5 किलोमीटर लंबे इस कॉरिडोर में आठ रैंप, साइकिल ट्रैक और आधुनिक डिजाइन शामिल हैं। परियोजना से यात्रा समय 35–40 मिनट से घटकर लगभग 15 मिनट हो गया है, जिससे रिंग रोड, डीएनडी फ्लाईवे और राष्ट्रीय राजमार्ग -24 पर भीड़ कम होगी।
इसका नाम मुगलकालीन बारापुला पुल से जुड़ा है, जिसे 17वीं सदी में जहांगीर के समय मिहर बानू आगा ने बनवाया था। हालांकि बाद में इसका नाम बाबा बंदा सिंह बहादुर सेतु कर दिया गया। दिल्ली सरकार ने 8 जून 2016 को यह निर्णय तत्कालीन उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया की अध्यक्षता में हुई राज्य नामकरण प्राधिकरण की बैठक में लिया था। उस समय बाबा बंदा सिंह बहादुर की शहादत के 300 वर्ष पूरे हो रहे थे और लंबे समय से यह मांग उठ रही थी कि दिल्ली की किसी प्रमुख परियोजना को उनके नाम से जोड़ा जाए। चूँकि उनकी शहादत दिल्ली के महरौली क्षेत्र में हुई थी और वहाँ उनके नाम से गुरुद्वारा भी है, इसलिए इस फ्लाईओवर को उनके नाम से जोड़कर न केवल यातायात सुविधा को ऐतिहासिक महत्व दिया गया बल्कि दिल्ली की सांस्कृतिक स्मृति को भी सम्मानित किया गया।
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हिन्दुस्थान समाचार / धीरेन्द्र यादव