कथित चावल घोटाले पर आआपा का विधानसभा परिसर में प्रदर्शन

 


नई दिल्ली, 11 अगस्त (हि.स.)। दिल्ली में कथित चावल घोटाले को लेकर आम आदमी पार्टी (आआपा) के विधायकों ने मंगलवार को विधानसभा परिसर में प्रदर्शन किया। आआपा विधायकों ने परिसर में ‘चावल की दुकान’ लगाकर सरकार के खिलाफ विरोध जताया और खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा को तत्काल बर्खास्त करने की मांग की।

आआपा विधायकों ने आरोप लगाया कि मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की ओर से भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) से असम स्थित एक कॉरपोरेशन को सब्सिडी वाला चावल उपलब्ध कराने की सिफारिश की गई थी। आरोप है कि यह चावल दिल्ली के गरीब और प्रवासी लोगों में वितरित किया जाना था, लेकिन इसे हरियाणा की एक निजी कंपनी को खुले बाजार में बेच दिया गया।

विधानसभा परिसर में प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे विधायक बुराड़ी से विधायक संजीव झा ने आरोप लगाया कि गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों के लिए उपलब्ध कराए जाने वाले सब्सिडी वाले चावल की खरीद और वितरण व्यवस्था में करीब 22 हजार करोड़ रुपये के घोटाले की कोशिश की गई। उन्होंने कहा कि जिस चावल पर गरीबों का अधिकार है, उसे निजी लाभ और कमीशन का माध्यम बनाने की कोशिश गंभीर मामला है।

संजीव झा ने कहा कि विपक्ष इस मामले को विधानसभा से लेकर सड़क तक उठाता रहेगा और सरकार से जवाब मांगा जाएगा।

विधानसभा की कार्यवाही को लेकर सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि सदन में जनहित के मुद्दों पर चर्चा करने के बजाय सरकार की प्रशंसा में समय बर्बाद किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष पहले दवा और साइकिल से जुड़े कथित घोटालों के मुद्दे उठा चुका है और अब चावल वितरण से जुड़े मामले में जवाब मांग रहा है।

आआपा विधायकों ने आरोपों की निष्पक्ष जांच कराने, पूरे मामले में जिम्मेदारी तय करने और मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा को पद से हटाने की मांग की।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / माधवी त्रिपाठी