धमतरी पुलिस ने विद्यार्थियों को साइबर सुरक्षा, नशा मुक्ति और यातायात नियमों के प्रति किया जागरूक
धमतरी, 28 जुलाई (हि.स.)। जिले में युवाओं को जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बनाने के उद्देश्य से धमतरी पुलिस लगातार जनजागरूकता अभियान चला रही है। इसी क्रम में मंगलवार को नगरी के सरस्वती शिशु मंदिर स्कूल में साइबर सुरक्षा, नशा मुक्ति, सड़क सुरक्षा और नवीन आपराधिक कानूनों पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में एसडीओपी विपिन रंगारी और थाना प्रभारी टापेश्वर मरकाम ने विद्यार्थियों को डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों से सतर्क रहने की सीख देते हुए सोशल मीडिया और इंटरनेट का सुरक्षित एवं जिम्मेदारीपूर्ण उपयोग करने की सलाह दी। विद्यार्थियों को फर्जी कॉल, ओटीपी और बैंकिंग धोखाधड़ी, फर्जी लिंक, ऑनलाइन गेमिंग फ्रॉड, सोशल मीडिया हैकिंग, डिजिटल अरेस्ट, फर्जी निवेश योजनाओं और साइबर ब्लैकमेल से बचने के व्यावहारिक उपाय बताए गए। साथ ही राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 के माध्यम से शिकायत दर्ज कराने की जानकारी भी दी गई। कार्यक्रम में नशे के दुष्प्रभावों पर विस्तार से चर्चा करते हुए अधिकारियों ने कहा कि नशा स्वास्थ्य, शिक्षा, परिवार और समाज पर गंभीर असर डालता है। विद्यार्थियों से स्वयं नशे से दूर रहने और दूसरों को भी नशामुक्त जीवन के लिए प्रेरित करने की अपील की गई। सड़क सुरक्षा के तहत हेलमेट और सीट बेल्ट के अनिवार्य उपयोग, गति सीमा का पालन, मोबाइल का उपयोग न करने, नाबालिगों द्वारा वाहन नहीं चलाने तथा नशे की हालत में वाहन चलाने से बचने की समझाइश दी गई।
विद्यार्थियों को भारतीय न्याय संहिता भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम सहित नए आपराधिक कानूनों की प्रमुख विशेषताओं से भी अवगत कराया गया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक प्रश्न पूछे, जिनका अधिकारियों ने सरल उदाहरणों के माध्यम से समाधान किया। अंत में सभी को साइबर अपराधों से सतर्क रहने, नशे से दूर रहने, यातायात नियमों का पालन करने और कानून का सम्मान करने की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम में विद्यालय के प्राचार्य प्रफुल्ल चंद साहू, व्यवस्थापक जीवन नाहटा, शिक्षकगण और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा