लोकतांत्रिक अधिकारों के साथ कानून-व्यवस्था भी जरूरी : वित्त मंत्री ओपी चौधरी
रायपुर, 10 अक्टूबर (हि.स.)। छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने शनिवार काे मीडिया से कहा कि देश में कुछ विरोधी ताकतें साजिश के जरिए भारत में अराजकता फैलाना चाहती हैं। ‘डीप स्टेट’ के जरिए भारत में अस्थिरता पैदा करने की कोशिश की जा रही है।
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के विरोध में जारी सीजेपी (कॉकरोच जनता पार्टी) के प्रदर्शन पर निशाना साधा है। उन्होंने बांग्लादेश और नेपाल में हुए घटनाक्रमों का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि कुछ विरोधी ताकतें साजिश के जरिए भारत में अराजकता फैलाना चाहती हैं।
ओपी चौधरी ने कहा कि देश के भीतर और अंतरराष्ट्रीयस्तर पर हो रही घटनाओं को एक साथ देखने की जरूरत है। उनके मुताबिक, अलग-अलग विरोधी ताकतें जिस तरह की गतिविधियां कर रही हैं, उनके पीछे देश में अस्थिरता पैदा करने की कोशिश हो सकती है।
वित्त मंत्री ने अपने बयान में बांग्लादेश और नेपाल के हालात का उदाहरण देते हुए कहा कि इन देशों में जिस तरह अराजकता फैलाकर काम किया गया, वैसा ही मॉडल कथित तौर पर ‘डीप स्टेट’ के जरिए भारत में भी अपनाने की कोशिश की जा रही है।
चौधरी ने हालांकि भरोसा जताया कि भारत में इस तरह की कोशिशें सफल नहीं होंगी। उन्होंने कहा कि भारत एक लोकतांत्रिक देश है, जहां सभी नागरिकों के लोकतांत्रिक अधिकारों का सम्मान किया जाता है।
ओपी चौधरी ने अपने बयान में लोकतांत्रिक अधिकारों और कानून-व्यवस्था के बीच संतुलन बनाए रखने की बात कही। उन्होंने कहा कि लोगों को लोकतांत्रिक अधिकार हासिल हैं, लेकिन किसी को भी कानून-व्यवस्था अपने हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जा सकती। उनका कहना था कि विरोध और लोकतांत्रिक अधिकारों का सम्मान जरूरी है, लेकिन इसके साथ कानून-व्यवस्था बनाए रखना भी उतना ही अहम है।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / चन्द्र नारायण शुक्ल