जशपुर में कलेक्टर सख्त, छात्रावासों के निरीक्षण से लेकर अस्पतालों की निगरानी तक कड़े निर्देश

 


जशपुर, 31 मार्च (हि.स.)। कलेक्टर रोहित व्यास ने मंगलवार को साप्ताहिक समय-सीमा की बैठक में जिले के आश्रम और छात्रावासों की व्यवस्था को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए नोडल अधिकारियों को नियमित निरीक्षण के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि बालक और बालिका छात्रावासों के लिए अलग-अलग नोडल अधिकारी नियुक्त किए गए हैं, जो प्रतिमाह निरीक्षण कर भोजन की गुणवत्ता, सुरक्षा व्यवस्था, दरवाजे-खिड़कियों की स्थिति, शौचालय और किचन की साफ-सफाई की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे।

साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि छात्रावास अधीक्षक रात में परिसर में निवास कर रहे हैं या नहीं। कलेक्टर ने दो टूक कहा कि बच्चों की सुरक्षा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषी अधीक्षकों पर कार्रवाई की जाएगी।

बैठक में नेशनल हाईवे के अधिकारी की अनुपस्थिति पर कलेक्टर ने नाराजगी जताते हुए कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही मुख्यमंत्री घोषणा, जनदर्शन और लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण पर जोर दिया गया। विभिन्न निर्माण कार्यों जैसे बस स्टैंड, दिव्यांग बच्चों के स्कूल, सामाजिक भवन और सड़कों की समीक्षा करते हुए समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।

वहीं स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर भी सख्ती दिखाते हुए कलेक्टर ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देशित किया कि जिले के सभी निजी अस्पताल प्रत्येक माह की 9 और 24 तारीख को गर्भवती महिलाओं की जांच, सोनोग्राफी और अन्य महिलाओं का स्वास्थ्य परीक्षण अनिवार्य रूप से करें। इस संबंध में अस्पतालों से प्रमाण पत्र लेने और नियमों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई।

हिन्दुस्थान समाचार / पारस नाथ सिंह