जिला अस्पताल में दवाओं और उपकरणों की कमी पर लेखराम साहू ने जताई नाराजगी

 




कलेक्टर से मुलाकात कर स्वास्थ्य सुविधाओं को दुरुस्त करने की मांग

धमतरी, 09 जून (हि.स.)। जिले के सबसे बड़े शासकीय अस्पताल में आवश्यक दवाओं और दिव्यांगजनों के लिए उपयोगी उपकरणों की कमी को लेकर पूर्व विधायक एवं जिला कांग्रेस कमेटी धमतरी के अध्यक्ष लेखराम साहू मंगलवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने कलेक्टर अबिनाश मिश्रा से मुलाकात कर जिला अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं को तत्काल दुरुस्त करने की मांग की। इस दौरान उन्होंने अस्पताल में जीवनरक्षक दवाओं की अनुपलब्धता, मरीजों को हो रही परेशानियों और दिव्यांगजनों को आवश्यक सहायता उपकरण नहीं मिलने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया।

लेखराम साहू ने कहा कि जिला अस्पताल में लंबे समय से दवाओं की आपूर्ति समय पर नहीं हो रही है, जिसके कारण कई महत्वपूर्ण दवाओं का स्टॉक समाप्त हो चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि हार्ट अटैक की स्थिति में उपयोग होने वाली आवश्यक दवाएं अस्पताल में उपलब्ध नहीं हैं। इसके अलावा रैबीज के उपचार में उपयोगी दवाओं सहित अन्य कई जरूरी दवाओं की भी कमी बनी हुई है। उन्होंने कहा कि जिला अस्पताल में प्रतिदिन बड़ी संख्या में गंभीर मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं, लेकिन आवश्यक दवाएं उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें निजी मेडिकल स्टोरों से महंगे दामों पर दवाएं खरीदने या अन्य अस्पतालों में रेफर होने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। इससे मरीजों की आर्थिक परेशानी बढ़ने के साथ-साथ उनकी जान पर भी खतरा मंडरा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि अस्पताल में उच्च श्रेणी की एंटीबायोटिक दवाओं और कई दर्द निवारक दवाओं का भी अभाव है। जिम्मेदार अधिकारी दवा संकट को दूर करने में सफल नहीं हो पा रहे हैं, जिसका सीधा असर आम मरीजों पर पड़ रहा है। साहू ने कहा कि गरीब और ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को सबसे अधिक परेशानी झेलनी पड़ रही है, जबकि जिला अस्पताल से उन्हें बेहतर और निःशुल्क उपचार की उम्मीद रहती है।

दिव्यांगजनों की समस्याओं का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि अस्पताल में ट्राइसाइकिल और बैसाखी जैसी आवश्यक सामग्रियां भी उपलब्ध नहीं हैं। इसके कारण ग्रामीण क्षेत्र के कामता प्रसाद पाल और पवन कुमार साहू सहित कई दिव्यांगजनों को मजबूरन बाजार से इलेक्ट्रॉनिक ट्राइसाइकिल और बैसाखी खरीदनी पड़ी। उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई के दौर में जरूरतमंद लोगों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालना दुर्भाग्यपूर्ण है। साहू ने प्रशासन से अस्पताल में दवाओं और दिव्यांग उपकरणों की नियमित उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग करते हुए कहा कि जिले के सबसे बड़े अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं का अभाव चिंताजनक है और इसे तत्काल दूर किया जाना चाहिए।

हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा