धमतरी जिला स्तरीय युवा उत्सव : नौ विधाओं में युवाओं ने दिखाई प्रतिभा
धमतरी, 05 नवंबर (हि.स.)। युवाओं की प्रतिभा को मंच देने और उनकी रचनात्मक क्षमता को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से गुरुवार को विंध्यवासिनी मंदिर के पीछे स्थित सामुदायिक भवन में जिला स्तरीय युवा उत्सव का आयोजन किया गया। खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा आयोजित इस उत्सव में जिलेभर से पहुंचे युवाओं ने कला, संस्कृति, साहित्य और नवाचार से जुड़ी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि महापौर रामू रोहरा ने कहा कि युवा शक्ति ही देश की सबसे बड़ी ताकत और विकसित भारत की आधारशिला है। शिक्षा, कौशल, रोजगार, खेल, तकनीक और नवाचार के क्षेत्र में युवाओं को आगे बढ़ने के अवसर देना जरूरी है। धमतरी और कुरुद में पांच-पांच करोड़ रुपये की लागत से इंडोर स्टेडियम का निर्माण कराया जा रहा है। इसके साथ ही खेलो इंडिया के तहत मिनी स्टेडियम भी बनाया जा रहा है। इन सुविधाओं से जिले के खिलाड़ियों और युवाओं को अभ्यास के लिए बेहतर संसाधन मिलेंगे। शहर में चल रहे विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए बताया कि सड़कों का निर्माण कराया जा रहा है, ऑडिटोरियम का काम प्रगतिरत है तथा नालंदा परिसर का भूमिपूजन भी जल्द किया जाएगा। बड़ी रेल लाइन से ट्रेन सेवा शुरू होने की दिशा में भी पहल हो रही है।
महापौर ने युवा उत्सव के विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कार राशि देने की घोषणा करते हुए युवाओं से अनुशासन, मेहनत और आत्मविश्वास के साथ अपने लक्ष्य की ओर बढ़ने का आह्वान किया।विशेष अतिथि छत्तीसगढ़ राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष नेहरू निषाद ने कहा कि विकासखंड स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर जिला स्तरीय मंच तक पहुंचना युवाओं की मेहनत और समर्पण का परिणाम है। युवाओं को सही अवसर और मार्गदर्शन मिले तो वे हर क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं। उन्होंने युवाओं को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जुड़े रहते हुए आधुनिक ज्ञान-विज्ञान एवं तकनीक अपनाने की सलाह दी। साथ ही सोशल मीडिया पर प्रसारित भ्रामक जानकारियों से सावधान रहने और किसी भी सूचना पर विश्वास करने से पहले तथ्यों की पुष्टि करने की बात कही।
एसडीएम पीयूष तिवारी ने आयोजन का प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए युवा उत्सव के उद्देश्यों और प्रतियोगिताओं की जानकारी दी। कार्यक्रम के अंत में अतिथियों ने विभिन्न विधाओं के विजेताओं को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया। युवा उत्सव का विशेष आकर्षण बालगृह (बालक) धमतरी के बच्चों की प्रस्तुतियां रहीं।
बच्चों ने संगीतमय छत्तीसगढ़ी गीतों की प्रस्तुति देकर अपनी कला और रचनात्मक प्रतिभा से उपस्थित लोगों का ध्यान आकर्षित किया। युवा उत्सव में विकसित भारत चैलेंज ट्रैक, लोकनृत्य, लोकगीत, नुक्कड़ नाटक, कहानी लेखन, चित्रकला, क्रिएटिव यूथ रील चैलेंज, पारंपरिक वेशभूषा और रॉक बैंड सहित कुल नौ विधाओं में प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। लोकनृत्य, लोकगीत और पारंपरिक वेशभूषा की प्रस्तुतियों में छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति की झलक देखने को मिली।
जिला स्तरीय युवा उत्सव में जहां प्रतिभागियों ने उत्साह के साथ अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया, वहीं दर्शकों की उपस्थिति अपेक्षा के अनुरूप नहीं रही। आयोजन का व्यापक प्रचार-प्रसार नहीं होने और कार्यक्रम के समय आयोजन स्थल में बदलाव किए जाने के कारण कई कला प्रेमियों और आम नागरिकों तक इसकी जानकारी नहीं पहुंच पाई। इसके चलते प्रतिभागियों की प्रस्तुतियों को देखने के लिए पर्याप्त भीड़ नहीं जुट सकी। कला प्रेमियों का कहना है कि युवा प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने वाले ऐसे आयोजनों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाना चाहिए, ताकि अधिक से अधिक लोग कार्यक्रम में शामिल हों और प्रतिभागियों का उत्साह बढ़े।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा