नवरात्रि के नौ दिनों में सालभर की सेहत का ‘टॉनिक’, पप्पू भाई पिलाते हैं नीम का रस
धमतरी, 25 मार्च (हि.स.)। नवरात्रि के पावन अवसर पर शहर के मठ मंदिर चौक में एक अनोखी परंपरा पिछले 23 वर्षों से लोगों को सेहत और अपनत्व का संदेश दे रही है। यहां “पप्पू भाई” के नाम से पहचान बनाने वाले सेवाभावी व्यक्ति हर साल नवरात्रि के प्रथम दिन से रामनवमी तक औषधीय गुणों से भरपूर नीम के कोमल पत्तों का ताजा रस तैयार कर लोगों को निःशुल्क पिलाते हैं।
सुबह होते ही चौक पर लोगों की भीड़ उमड़ पड़ती है। कोई गिलास में रस पीता है, तो कोई टिफिन और बोतल लेकर घर के लिए भी ले जाता है। भीड़ के बीच “पप्पू भाई” की पुकार अपनापन और भाईचारे की मिसाल बन जाती है। मुस्कुराते हुए हर व्यक्ति को रस पिलाना और साथ ही पैकेट बनाकर देना, इस सेवा को और खास बना देता है। बताया जाता है कि 23 साल पहले एक छोटी-सी घटना से शुरू हुई यह पहल आज शहर की पहचान बन चुकी है। पप्पू भाई का मानना है कि हमारे प्राचीन ऋषि-मुनि जड़ी-बूटियों से ही उपचार करते थे और नीम को प्राकृतिक औषधि का दर्जा दिया गया है। उनका यह ‘नीम रस टॉनिक’ लोगों को सालभर बीमारियों से बचाव की प्रेरणा देता है। राकेश लोहाना के अनुसार, लोगों की दुआएं, आशीर्वाद और प्यार ही इस सेवा की सबसे बड़ी ताकत है। यही कारण है कि यह सिलसिला 23 वर्षों से लगातार जारी है और आगे भी अंतिम सांस तक चलता रहेगा। नवरात्रि के बाद भी यदि कोई जरूरतमंद संपर्क करता है, तो पप्पू भाई न केवल यह नुस्खा सिखाते हैं बल्कि आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने में भी मदद करते हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा