बलरामपुर : घर के आसपास जमा पानी बन सकता है जानलेवा, मलेरिया-डेंगू से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग की अपील
बलरामपुर, 16 जुलाई (हि.स.)। बलरामपुर जिले में वर्षा ऋतु के दौरान मलेरिया और डेंगू जैसी मच्छरजनित बीमारियों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग लगातार जनजागरूकता अभियान चला रहा है। कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन में संचालित अभियान के तहत, आज गुरुवार लोगों से घर और आसपास पानी जमा नहीं होने देने तथा लक्षण दिखाई देने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराने की अपील की गई।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय कुमार सिंह ने बताया कि मलेरिया और डेंगू से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका मच्छरों को पनपने से रोकना है। उन्होंने लोगों से घरों, आंगनों और आसपास कहीं भी वर्षा का पानी जमा नहीं होने देने की अपील की। साथ ही कूलर, पानी की टंकियां, गमले, पुराने टायर, नारियल के खोल और अन्य पानी रखने वाले पात्रों की नियमित सफाई करने तथा सप्ताह में कम से कम एक बार उनका पानी बदलने की सलाह दी।
उन्होंने बताया कि मलेरिया संक्रमित मादा एनोफिलीज मच्छर के काटने से फैलता है, जबकि डेंगू एडीज मच्छर के कारण होता है। एडीज मच्छर मुख्य रूप से दिन में काटता है, इसलिए दिन के समय भी पूरी आस्तीन के कपड़े पहनने, मच्छरदानी और मच्छररोधी क्रीम का उपयोग करने की सलाह दी गई है।
सीएमएचओ ने कहा कि तेज बुखार, ठंड लगना, सिरदर्द, बदन दर्द, उल्टी, आंखों के पीछे दर्द, त्वचा पर लाल चकत्ते या प्लेटलेट्स कम होने जैसे लक्षण दिखाई देने पर स्वयं दवा लेने के बजाय तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जाकर जांच करानी चाहिए। समय पर जांच और उपचार से बीमारी की गंभीरता से बचा जा सकता है।
उन्होंने जिलेवासियों से स्वयं सतर्क रहने के साथ-साथ अपने परिवार, पड़ोस और आसपास के लोगों को भी मलेरिया और डेंगू से बचाव के उपायों के प्रति जागरूक करने की अपील की। उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग से ही स्वस्थ, सुरक्षित और जागरूक बलरामपुर का निर्माण संभव है।
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हिन्दुस्थान समाचार / विष्णु पांडेय