जीवनदीप समिति की बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने पर हुआ मंथन
रक्तदाताओं के लिए हेल्थ इंश्योरेंस और सम्मान योजना की तैयारी
धमतरी, 20 मई (हि.स.)। जिले की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को अधिक मजबूत, व्यवस्थित और जनहितकारी बनाने के उद्देश्य से बुधवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जीवनदीप समिति की कार्यकारिणी की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने की।
बैठक में कार्यकारिणी सदस्य रंजना साहू, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डा यूएल कौशिक, सिविल सर्जन, डिप्टी कलेक्टर सहित समिति के सदस्य एवं संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक की शुरुआत पूर्व बैठक के पालन प्रतिवेदन की समीक्षा से हुई, जिसमें पूर्व में लिए गए निर्णयों पर की गई कार्रवाई की जानकारी प्रस्तुत की गई। इसके बाद समिति के आय-व्यय का विस्तृत ब्यौरा रखा गया, जिस पर कलेक्टर ने स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन, बजट उपयोग और व्यवस्थाओं की विस्तार से समीक्षा की।
कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने कहा कि जिला अस्पताल एवं स्वास्थ्य केंद्रों को मरीजों के अनुकूल और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए शासन लगातार प्रयासरत है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि उपलब्ध संसाधनों और बजट का पारदर्शी एवं प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए, ताकि लोगों को समय पर गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें। बैठक में नियमित रक्तदान करने वाले रक्तदाताओं के लिए हेल्थ इंश्योरेंस योजना तैयार कर प्रस्ताव प्रस्तुत करने पर सहमति बनी। साथ ही आगामी बैठक में सक्रिय रक्तदाताओं को सम्मानित करने का निर्णय लिया गया।
समिति ने इसे रक्तदान के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया। समिति के सदस्यों ने जिला अस्पताल और अन्य स्वास्थ्य संस्थानों के आसपास अतिक्रमण तथा गुटखा, बीड़ी और सिगरेट की गुमटियों के संचालन पर चिंता जताई। इस पर कलेक्टर ने नगर निगम को पत्र लिखकर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अस्पताल परिसर के आसपास स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण बनाए रखना जरूरी है।
बैठक के दौरान स्वास्थ्य केंद्रों में स्टाफ की कमी, दवाइयों की उपलब्धता, उपकरणों के रखरखाव और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को समस्याओं के त्वरित निराकरण के निर्देश देते हुए स्वास्थ्य व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने पर जोर दिया।
इसके अलावा मरीजों को बेहतर उपचार सुविधा उपलब्ध कराने, अस्पतालों में साफ-सफाई बनाए रखने, आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा स्वास्थ्य सेवाओं में तकनीकी संसाधनों के बेहतर उपयोग पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा