समय-सीमा की बैठक में कलेक्टर सख्त, खाद की कालाबाजारी पर कार्रवाई तेज करने के निर्देश

 


धमतरी, 25 मई (हि.स.)। धमतरी कलेक्टर अबिनाश मिश्रा की अध्यक्षता में आयोजित समय-सीमा की बैठक में जिले की विभिन्न योजनाओं, विकास कार्यों और लंबित प्रकरणों की गहन समीक्षा की गई। बैठक में शासन की प्राथमिकता वाली योजनाओं में तेजी लाने, विभागीय समन्वय बढ़ाने तथा लंबित मामलों का त्वरित निराकरण सुनिश्चित करने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए।

कृषि विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने खाद दुकानों पर की गई कार्रवाई और जारी शो-कॉज नोटिस की जानकारी लेते हुए स्पष्ट कहा कि जिले में खाद की कालाबाजारी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को नियमित निरीक्षण, सतत निगरानी और प्रभावी कार्रवाई जारी रखने के निर्देश दिए, ताकि छोटे किसानों को खाद उपलब्धता में किसी प्रकार की परेशानी न हो। राजस्व विभाग की समीक्षा में एग्री स्टैक के संयुक्त खातों के सत्यापन के लिए गठित संयुक्त टीमों को सक्रिय रूप से कार्य करने कहा गया। सभी तहसीलदारों को लंबित प्रकरणों की अद्यतन जानकारी प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। वहीं ई-कोर्ट प्रकरणों में समय-सीमा से अधिक लंबित मामलों पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई।

बैठक में लोक निर्माण विभाग, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, जल संसाधन विभाग और क्रेडा के कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने पूर्व में दिए गए निर्देशों के पालन की स्थिति जानी। सचिव-पटवारी बैठक और प्राचार्यों को दिए गए निर्देशों पर हुई प्रगति की भी समीक्षा की गई। सुपोषण धमतरी अभियान, समितियों में धान शून्यीकरण कार्य और जेएसजेबी की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने जनपद एवं नगरीय निकायों में अपेक्षित प्रगति नहीं होने पर नाराजगी जताई और तत्काल सुधार लाने के निर्देश दिए। सुशासन तिहार के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों के निराकरण में कुछ सीएमओ कार्यालयों की प्रगति शून्य पाए जाने पर भी चिंता व्यक्त की गई। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान निर्धारित 10 प्रमुख बिंदुओं-हाइपरटेंशन, संस्थागत प्रसव, बीपी एवं शुगर जांच, एचआरपी चिन्हांकन, एनीमिया जांच, कैंसर स्क्रीनिंग, फॉलोअप पंजीयन और मेंटल हेल्थ स्क्रीनिंग-में संतोषजनक प्रगति नहीं मिलने पर संबंधित संस्थाओं के सीएचओ और आरएचओ को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा टीबी मुक्त भारत अभियान, 100 दिवसीय कार्ययोजना, स्वास्थ्य अधोसंरचना कार्यों और सीजीएमएससी से जुड़े विषयों की भी समीक्षा की गई।

उद्योग विभाग की समीक्षा में प्रमुख परियोजनाओं हेतु भूमि आबंटन और औद्योगिक परियोजनाओं की प्रगति पर चर्चा की गई। वहीं लीड बैंक प्रबंधक से किसान क्रेडिट कार्ड, पीएमएफएमई, पीएमईजीपी, एनएलएम, एनएचबी, मुद्रा और स्वनिधि योजनाओं की प्रगति के साथ नए बैंक खोलने की स्थिति की जानकारी ली गई।बैठक में डीआरसीएस विभाग को नई बुनकरी और दुग्ध समितियों के गठन की प्रगति संबंधी विस्तृत आंकड़े प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। अंत में कलेक्टर ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने पर विशेष जोर दिया।बैठक में सीईओ जिला पंचायत गजेंद्र सिंह ठाकुर, अपर कलेक्टर इंदिरा देवहारी, एसडीएम धमतरी पीयूष तिवारी, एसडीएम कुरूद नभ सिंह कोसले सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।

हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा