82 आंगनबाड़ी केंद्रों को मिला स्मार्ट टीवी, रोचक होगी नौनिहालों की पढ़ाई

 


धमतरी, 09 अक्टूबर (हि.स.)। जिले के कई आंगनबाड़ी केंद्रों को बच्चों के लिए अधिक आकर्षक, ज्ञानवर्धक और सीखने के लिए अनुकूल बनाने की दिशा में सार्थक पहल की जा रही है। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा के प्रयास तथा स्थानीय राइसमिल एसोसिएशन के सहयोग से जिले के 82 आंगनबाड़ी केंद्रों को स्मार्ट टीवी उपलब्ध कराए गए हैं।

इससे प्रारंभिक बाल शिक्षा को आधुनिक तकनीक से जोड़ने के साथ बच्चों के लिए सीखने की प्रक्रिया को अधिक रोचक और सहज बनाने में मदद मिलेगी। स्मार्ट टीवी के माध्यम से बच्चे खेल-खेल में अक्षर, अंक, रंग, आकार, कविताएं, कहानियां, बालगीत तथा देश-दुनिया से जुड़ी उपयोगी जानकारियां प्राप्त कर सकेंगे।

जिले में स्मार्ट टीवी वितरण की यह पहल विभिन्न विकासखंडों में आयोजित कार्यक्रमों के माध्यम से आगे बढ़ाई गई है। नगरी विकासखंड में आयोजित निदान तीन दिवसीय शिविर के दौरान मुख्य अतिथि कांकेर लोकसभा क्षेत्र के सांसद भोजराज नाग ने 46 आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए स्मार्ट टीवी वितरित किए। वहीं कुरूद में आयोजित कार्यक्रम में विधायक अजय चंद्राकर ने 32 आंगनबाड़ी केंद्रों को स्मार्ट टीवी प्रदान किए। इसके अतिरिक्त धमतरी ग्रामीण क्षेत्र के डुबान अंचल के चार आंगनबाड़ी केंद्रों को भी स्मार्ट टीवी उपलब्ध कराए गए। इस प्रकार जिले के कुल 82 आंगनबाड़ी केंद्र इस सुविधा से लाभान्वित हुए हैं।

जिले में कुल 1,164 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। इनमें नगरी विकासखंड में 372, कुरूद में 291, धमतरी ग्रामीण में 239, मगरलोड में 201 तथा धमतरी शहरी क्षेत्र में 61 केंद्र शामिल हैं। इन केंद्रों के माध्यम से बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य, पूर्व-प्राथमिक शिक्षा और सर्वांगीण विकास से जुड़ी सेवाएं प्रदान की जाती हैं। स्मार्ट टीवी की उपलब्धता से इन सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने तथा बच्चों की सीखने में रुचि बढ़ाने का अवसर मिलेगा।

कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने कहा कि बच्चों का शुरुआती बचपन उनके व्यक्तित्व, सीखने की क्षमता और भविष्य की नींव तैयार करने का महत्वपूर्ण समय होता है। उनका प्रयास है कि जिले के आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के लिए सुरक्षित, स्वच्छ, आकर्षक और ज्ञानवर्धक स्थान बनें। स्मार्ट टीवी के माध्यम से शिक्षा को रोचक बनाने, बागवानी से पोषण को बढ़ावा देने तथा बालानुमा अवधारणा के जरिए सीखने का अनुकूल वातावरण तैयार करने की दिशा में काम किया जा रहा है। इस कार्य में स्थानीय राइसमिल एसोसिएशन का सहयोग सराहनीय है।

हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा