10 हिंदी की पुनर्परीक्षा परीक्षा में 49 विद्यार्थी रहे अनुपस्थित
धमतरी, 10 अप्रैल (हि.स.)। छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा कक्षा 12 वीं हिंदी विषय की पुनर्परीक्षा शुक्रवार को जिले के 82 केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा के बीच आयोजित हुई। इस परीक्षा में पंजीकृत कुल 7998 में से 7949 विद्यार्थी सम्मिलित हुए। वहीं 49 विद्यार्थी अनुपस्थित रहे। समसामयिक विषयों खाद्य मिलावट, पर्यावरण और पत्रकारिता पर आधारित प्रश्नों ने विद्यार्थियों को उलझाया।
जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग द्वारा 82 परीक्षा केंद्रों में शांतिपूर्ण और निष्पक्ष ढंग से परीक्षा आयोजित कराने के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई थी। प्रश्नपत्रों की गोपनीयता बनाए रखने के लिए थाना स्तर से सामग्री वितरण से लेकर परीक्षा समाप्ति के बाद उत्तर पुस्तिकाओं को सुरक्षित मुख्य परीक्षा केंद्र में जमा कराने तक अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई थी। सभी परीक्षा केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा के इंतजाम किए गए थे। इससे पहले 14 मार्च को आयोजित हिंदी विषय की परीक्षा को बोर्ड ने निरस्त कर दिया था। परीक्षा के बाद 15 और 16 मार्च को इंटरनेट मीडिया पर सेट-बी के प्रश्नपत्र वायरल होने के दावे सामने आए थे।
मामले को गंभीरता से लेते हुए बोर्ड ने 23 मार्च को परीक्षा समिति की बैठक में पुनर्परीक्षा का निर्णय लिया और 10 अप्रैल की नई तिथि घोषित की। मुख्य परीक्षा केंद्र प्रभारी एवं प्राचार्य बी मैथ्यू ने बताया कि जिले के 82 परीक्षा केंद्रों से प्राप्त हिंदी की उत्तर पुस्तिकाओं को शुक्रवार शाम पांच बजे तक एकत्रित कर बंडलों को पीले कपड़े में बांधकर शनिवार को सुबह 10 बजे यहां से बोर्ड भेजा जाएगा। इसके साथ ही थानों से गोपनीय सामग्री वितरण के दौरान पेटी में लगे वन टाइम लाक के यूनिक नंबर भी सुरक्षित रखे जाएंगे। शनिवार शाम तक बोर्ड से मूल्यांकन के लिए उत्तर पुस्तिकाएं प्राप्त हो जाएगी। जिनका मूल्यांकन 13 व 14 अप्रैल को पूर्ण कर बोर्ड में जमा किया जाएगा।
10 मार्च का प्रश्नपत्र सरल 14 मार्च प्रश्नपत्र रहा कठिन
अधिकांश छात्रों ने बताया कि पहले की तुलना में आज का पेपर कठिन था। 14 मार्च को जो पेपर हुआ था वह सरल आया था। पहले जो पेपर हुआ था उसकी तुलना में मध्यम स्तर का आया था। पेपर में खाद्य पदार्थों में मिलावट, वाचडाग पत्रकारिता, कहानी, डायरी लेखन, फीचर की विशेषता, इंटरनेट की कमी, डेडलाइन, अपठित गद्यांश, काव्यांश आधारित प्रश्न सहित पत्र लेखन और निबंध से प्रश्न पूछा गया था। पेपर में पर्यावरण प्रदूषण एक गंभीर संकट, नर हो न निराश करो मन को, सेल्फी का चढ़ता बुखार और वन रहेंगे, हम रहेंगे में से एक शीर्षक पर निबंध लिखने प्रश्न पूछा गया था।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा