कोरबा में 300 स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को निशुल्क फोस्टैक प्रशिक्षण, खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता के दिए गए जरूरी टिप्स

 


कोरबा, 27 अगस्त (हि. स.)। जिले में स्ट्रीट फूड कारोबार से जुड़े विक्रेताओं को खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के लिए खाद्य एवं औषधि प्रशासन, जिला कोरबा की ओर से दो दिवसीय फोस्टैक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। 26 और 27 अगस्त को होटल टॉप इन टाउन, आईटीआई कोरबा में आयोजित इस प्रशिक्षण में जिले के 300 स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को निशुल्क प्रशिक्षण दिया गया।

कार्यक्रम का आयोजन अटल नगर, नवा रायपुर स्थित खाद्य एवं औषधि प्रशासन के नियंत्रक के मार्गदर्शन में नेस्ले एवं नेशनल एसोसिएशन ऑफ स्ट्रीट वेंडर्स ऑफ इंडिया के सहयोग से किया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ खाद्य एवं औषधि प्रशासन, जिला कोरबा की अभिहित अधिकारी पुष्पा खाखा ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया।

प्रशिक्षण के दौरान स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को खाद्य पदार्थों की सुरक्षित तैयारी, स्वच्छ तरीके से परोसने, खाद्य सामग्री के रख-रखाव और खाद्य सुरक्षा से जुड़े निर्धारित मानकों की जानकारी दी गई। विक्रेताओं को बताया गया कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता बनाए रखना न केवल उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के लिए जरूरी है, बल्कि खाद्य कारोबारियों की जिम्मेदारी भी है।

फोस्टैक प्रशिक्षण खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम, 2006 एवं विनियम, 2011 के प्रावधानों के अनुरूप खाद्य कारोबारियों के लिए आवश्यक है। इसी उद्देश्य से सड़क किनारे और फुटपाथ पर खाद्य पदार्थों का व्यवसाय करने वाले विभिन्न स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को प्रशिक्षण में शामिल किया गया।

प्रशिक्षण में चाय-नाश्ता और भोजन विक्रेता, ठेला, टपरी एवं खोमचा संचालक, जलेबी, पकौड़ा और भजिया विक्रेता, चाट-गुपचुप, इडली-डोसा विक्रेता, भुंजा एवं फ्रायती दाना विक्रेता, जूस, लस्सी और शेक विक्रेता, फास्ट फूड, मोजो एवं चाइनीज फूड वेंडर, मोबाइल आइसक्रीम-फालूदा विक्रेताओं सहित अन्य स्ट्रीट फूड कारोबारियों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया।

दो दिवसीय प्रशिक्षण पूरा करने के बाद सभी 300 स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को निःशुल्क प्रशिक्षण प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। इसके साथ ही उन्हें हाईजिन किट भी वितरित की गई, ताकि वे अपने खाद्य कारोबार में स्वच्छता के जरूरी मानकों को बेहतर तरीके से लागू कर सकें।

खाद्य एवं औषधि प्रशासन की इस पहल का उद्देश्य स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को खाद्य सुरक्षा के नियमों और स्वच्छता संबंधी जरूरी प्रक्रियाओं की जानकारी देकर सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के लिए प्रोत्साहित करना है। विभाग की ओर से इस तरह के प्रशिक्षण से स्ट्रीट फूड कारोबारियों में खाद्य सुरक्षा को लेकर जागरूकता बढ़ने के साथ आम लोगों को भी स्वच्छ और सुरक्षित भोजन उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।

हिन्दुस्थान समाचार/हरीश तिवारी

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हिन्दुस्थान समाचार / हरीश तिवारी