वीर सावरकर ने राष्ट्रवाद और सामाजिक समरसता की अलख जगाई : संजय सरावगी

 

पटना, 28 मई (हि.स.)। भारतीय जनता पार्टी के बिहार प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने स्वातंत्र्य वीर विनायक दामोदर सावरकर की जयंती पर उन्हें नमन करते हुए कहा कि वीर सावरकर भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के ऐसे महानायक थे, जिन्होंने अपना सम्पूर्ण जीवन राष्ट्रसेवा, सामाजिक समरसता और भारत माता की स्वतंत्रता के लिए समर्पित कर दिया।

उन्होंने कहा कि सावरकर माने तेज, सावरकर माने त्याग और सावरकर माने तप। उनका जीवन संघर्ष, साहस और राष्ट्रभक्ति की ऐसी गाथा है, जो आने वाली पीढ़ियों को सदैव प्रेरित करती रहेगी। अंग्रेजी हुकूमत के विरुद्ध उनके अदम्य साहस और क्रांतिकारी विचारों ने स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा देने का कार्य किया।

प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा कि वीर सावरकर केवल स्वतंत्रता सेनानी ही नहीं, बल्कि एक महान चिंतक, लेखक, समाज सुधारक और प्रखर राष्ट्रवादी भी थे। उन्होंने समाज में व्याप्त छुआछूत और भेदभाव के विरुद्ध आवाज उठाई तथा सामाजिक समता और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने का कार्य किया।

सावरकर का मानना था कि एक सशक्त और संगठित भारत ही विश्व में गौरवशाली स्थान प्राप्त कर सकता है।

उन्होंने कहा कि आज जब देश प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आत्मनिर्भर और विकसित भारत के संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है, तब वीर सावरकर के विचार और भी प्रासंगिक हो उठते हैं। राष्ट्र प्रथम की भावना, सांस्कृतिक गौरव और राष्ट्रीय एकता का संदेश हमें उनके जीवन से प्राप्त होता है।

उन्होंने कहा, भाजपा का प्रत्येक कार्यकर्ता वीर सावरकर के आदर्शों को आत्मसात करते हुए राष्ट्रहित और समाजसेवा के कार्यों में निरंतर जुटा हुआ है। सावरकर जी का जीवन हमें यह सिखाता है कि कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी राष्ट्र के प्रति समर्पण और कर्तव्यबोध कभी कमजोर नहीं होना चाहिए।

संजय सरावगी ने कहा कि वीर सावरकर की जयंती पर हम सभी को यह संकल्प लेना चाहिए कि हम राष्ट्र की एकता, अखंडता और सांस्कृतिक विरासत की रक्षा के लिए सदैव समर्पित रहेंगे तथा उनके बताए मार्ग पर चलकर भारत को और अधिक शक्तिशाली एवं समृद्ध बनाने में अपना योगदान देंगे।

हिन्दुस्थान समाचार / सुरभित दत्त