यातायात नियमों की अनदेखी पर 18 ड्राइविंग लाइसेंस के विरुद्ध कार्रवाई
सुपौल, 26 सितंबर (हि.स.)। सड़क सुरक्षा एवं यातायात नियमों के प्रभावी अनुपालन को लेकर जिला परिवहन कार्यालय, सुपौल ने यातायात नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध कार्रवाई तेज कर दी है।
विभागीय अभिलेख के अनुसार 1 जनवरी 2026 से 26 सितंबर 2026 तक कुल 18 मामलों में ड्राइविंग लाइसेंस को ब्लॉक अथवा निलंबित करने की कार्रवाई दर्ज की गई है।
कार्रवाई के दायरे में हेलमेट नहीं पहनने, निर्धारित गति सीमा से अधिक रफ्तार से वाहन चलाने तथा नशे की हालत में वाहन चलाने जैसे यातायात उल्लंघन शामिल हैं।
परिवहन विभाग की इस कार्रवाई से स्पष्ट है कि यातायात नियमों का उल्लंघन अब केवल चालान और जुर्माने तक सीमित नहीं रहेगा। गंभीर मामलों में वाहन चालक के ड्राइविंग लाइसेंस के विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। उपलब्ध अभिलेखों में अधिकांश मामलों में मोटर वाहन अधिनियम की धारा 206(4) का उल्लेख किया गया है।
ड्राइविंग लाइसेंस के विरुद्ध की गई कार्रवाई में पुलिस एवं यातायात पुलिस इकाइयों की रिपोर्ट और अनुरोध भी महत्वपूर्ण आधार रहे हैं। अभिलेख के अनुसार विभिन्न पुलिस इकाइयों द्वारा भेजे गए मांग, पत्र एवं पत्रों के आधार पर भी लाइसेंस के संबंध में कार्रवाई की गई है।
इनमें थाना के मांग पर दर्ज गंभीर मामला, एसपी ट्रैफिक, पटना के पत्रों के आधार पर ओवरस्पीडिंग से संबंधित मामले तथा एयरपोर्ट ट्रैफिक पुलिस स्टेशन, बेंगलुरु शहर पुलिस निरीक्षक के मांग पर नशे की स्थिति में वाहन चलाने से जुड़ा मामला शामिल है।
सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से हेलमेट पहनने और निर्धारित गति सीमा का पालन करने पर लगातार जोर दिया जा रहा है। दोपहिया वाहन चालकों के लिए हेलमेट का इस्तेमाल सुरक्षा की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। वहीं तेज गति से वाहन चलाने पर चालक का वाहन पर नियंत्रण प्रभावित होने के साथ दुर्घटना की स्थिति में गंभीर चोट अथवा जानमाल के नुकसान का खतरा बढ़ जाता है।
इसी तरह शराब अथवा किसी अन्य नशीले पदार्थ के सेवन के बाद वाहन चलाना चालक के निर्णय लेने और वाहन नियंत्रित करने की क्षमता को प्रभावित कर सकता है। ऐसे मामलों में न केवल चालक बल्कि सड़क पर चलने वाले अन्य लोगों की सुरक्षा भी खतरे में पड़ती है। जिला परिवहन कार्यालय ने वाहन चालकों को स्पष्ट संदेश दिया है कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने की स्थिति में आर्थिक दंड के साथ-साथ ड्राइविंग लाइसेंस को ब्लॉक अथवा निलंबित करने जैसी कार्रवाई भी की जा सकती है।
पुलिस अथवा सक्षम प्राधिकार से प्राप्त रिपोर्ट के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। जिला परिवहन पदाधिकारी ने वाहन चालकों से अपील की है कि दोपहिया वाहन चलाते समय अनिवार्य रूप से हेलमेट पहनें, निर्धारित गति सीमा का पालन करें और शराब अथवा किसी भी नशीले पदार्थ के सेवन के बाद वाहन नहीं चलाएं।
उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल सरकारी विभागों की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि प्रत्येक वाहन चालक और सड़क उपयोगकर्ता की सामूहिक जिम्मेदारी है। यातायात नियमों का पालन कर न केवल स्वयं को सुरक्षित रखा जा सकता है, बल्कि सड़क पर चलने वाले अन्य लोगों की जान भी बचाई जा सकती है।
हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र