सुपौल अभियंत्रण महाविद्यालय में ‘आरुण्य-2026’ इंडक्शन कार्यक्रम का शुभारंभ

 




सुपौल, 28 जुलाई (हि.स.)। सुपौल अभियंत्रण महाविद्यालय में नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए आयोजित तीन सप्ताहिय स्टूडेंट इंडक्शन-कम-फाउंडेशन प्रोग्राम आरुण्य-2026 का शुभारंभ मंगलवार को महाविद्यालय के सेमिनार हॉल में उत्साहपूर्ण माहौल में हुआ। कार्यक्रम के पहले दिन छात्रों का स्वागत किया गया तथा उन्हें महाविद्यालय की शैक्षणिक एवं प्रशासनिक व्यवस्था से अवगत कराया गया। इस दौरान बायोमेट्रिक पंजीकरण, नए शैक्षणिक सत्र का शुभारंभ एवं सेमेस्टर पंजीकरण की प्रक्रिया भी संपन्न कराई गई।

कार्यक्रम का उद्घाटन महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. ए. एन. मिश्रा ने किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि इंजीनियरिंग शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि नवाचार, अनुशासन, तकनीकी उत्कृष्टता और सामाजिक उत्तरदायित्व का आधार है। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन, अनुशासन एवं कौशल विकास पर विशेष ध्यान देने तथा महाविद्यालय में उपलब्ध सभी शैक्षणिक एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों का अधिकतम लाभ उठाने की सलाह दी।

महाविद्यालय के डीन अकादमिक डॉ. चन्दन कुमार ने इंडक्शन कार्यक्रम के उद्देश्य एवं आगामी तीन सप्ताह की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि एआईसीटीई के मानकों के अनुरूप आयोजित यह कार्यक्रम विद्यार्थियों को महाविद्यालय की शैक्षणिक संस्कृति, अनुसंधान, नवाचार, स्टार्टअप, प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट, खेलकूद, योग, व्यक्तित्व विकास और नैतिक मूल्यों से परिचित कराएगा। उन्होंने छात्रों से जिज्ञासु, अनुशासित एवं नवाचारी सोच विकसित करने का आह्वान किया।

महाविद्यालय प्रशासन के अनुसार आगामी तीन सप्ताह में विद्यार्थियों के लिए प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट, परीक्षा प्रणाली, अनुसंधान, उद्यमिता एवं स्टार्टअप, मानसिक स्वास्थ्य, एंटी-रैगिंग, पुस्तकालय, तकनीकी क्लब, एनएसएस, ई-यंत्र, उद्योग विशेषज्ञों के व्याख्यान, विभागीय परिचय, एलुमनी संवाद तथा व्यक्तित्व विकास से जुड़े विभिन्न सत्र आयोजित किए जाएंगे।

हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र