अमावस्या पर बूढ़ी काली मंदिर सहित विभिन्न मंदिरों में हुई पूजा
किशनगंज, 10 सितंबर (हि.स.)।अमावस्या के अवसर पर गुरुवार को शहर के लाइन स्थित बूढ़ी काली मंदिर सहित खगड़ा ढेकाबिंजा, डुमरिया और रोलबाग के विभिन्न काली मंदिरों में विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की गई। इस दौरान मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ जुटी और भक्तों ने मां काली की पूजा कर पुष्पांजलि अर्पित की।
लाइन स्थित बूढ़ी काली मंदिर में पुरोहित मलय मुखर्जी ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ मां काली की पूजा संपन्न कराई। सुबह से ही मंदिर में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। भक्तों ने मां काली के साथ मां शारदे, भगवान शिव और बजरंगबली की भी पूजा-अर्चना की।
मंदिर कमेटी के सचिव शुभजीत शेखर, मनोज मजूमदार, साधन दास और कल्याण बोस ने बताया कि मंदिर में प्रत्येक माह अमावस्या पूजा का आयोजन किया जाता है। अमावस्या के दिन विशेष पूजा धूमधाम से संपन्न कराई जाती है। पूजा के बाद श्रद्धालुओं के बीच खिचड़ी महाप्रसाद का वितरण किया गया। पूजा में निखिल पाल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। इधर, खगड़ा ढेकाबिंजा में भी अमावस्या के अवसर पर विशेष पूजा का आयोजन हुआ। यहां पुरोहित सन्नी झा ने विधि-विधान से मां काली की पूजा कराई। भक्त गौतम साह, दीपक साह सहित अन्य श्रद्धालु पूजा व्यवस्था को सफल बनाने में जुटे रहे।
डुमरिया काली मंदिर में पुरोहित सुबोल चक्रवर्ती ने मंत्रोच्चार के साथ मां काली की पूजा-अर्चना कराई। वहीं रोलबाग स्थित मंदिर में भी अमावस्या पूजा को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह रहा। सुबह से मंदिरों में भक्तों की आवाजाही बनी रही और श्रद्धालुओं ने मां काली से सुख-शांति और समृद्धि की कामना की।
हिन्दुस्थान समाचार / धर्मेन्द्र सिंह