नवगछिया पुलिस लाइन में दारोगा का फंदे से लटकता मिला शव, हाल ही में मिली थी पदोन्नति

 


भागलपुर, 24 अक्टूबर (हि.स.)। जिले के नवगछिया पुलिस जिला मुख्यालय से एक बेहद चौंकाने वाली और दुखद खबर सामने आई है।

यहाँ पुलिस केंद्र स्थित सरकारी क्वार्टर में शनिवार की सुबह नवगछिया पुलिस के अवर निरीक्षक (सब-इंस्पेक्टर) योगेश कुमार का शव संदिग्ध परिस्थितियों में फंदे से लटकता हुआ बरामद किया गया।

सुबह-सुबह घटना की जानकारी मिलते ही पूरे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और पुलिस लाइन परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

उल्लेखनीय है कि योगेश कुमार विगत लंबे समय से नवगछिया के पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा के रीडर (अपराध शाखा) के रूप में तैनात थे। वे पुलिस महकमे में काफी कर्तव्यनिष्ठ माने जाते थे। महज 8 दिन पहले, यानी 16 अक्टूबर को ही उनका सहायक अवर निरीक्षक से अवर निरीक्षक के पद पर प्रमोशन हुआ था।

स्वयं एसपी वैभव शर्मा ने एक विशेष कार्यक्रम में उनके कंधे पर डबल स्टार लगाकर उन्हें सम्मानित किया था। पदोन्नति की खुशी के तुरंत बाद उनके द्वारा उठाए गए इस कथित आत्मघाती कदम से पुलिस विभाग के सभी अधिकारी और जवान स्तब्ध हैं।

मृतक दारोगा योगेश कुमार मूल रूप से बांका जिले के बौंसी प्रखंड अंतर्गत बाराहाट थाना क्षेत्र के तप्पाड़ीह गांव के रहने वाले थे। वे अपने माता-पिता के इकलौते बेटे थे और उनकी आठ बहनें हैं। इसी वर्ष 1 जुलाई 2026 को उनका विवाह लखीसराय की रहने वाली गुड़िया कुमारी से हुआ था, जो वर्तमान में पटना सचिवालय में कार्यरत हैं।

योगेश कुमार का कुछ समय पूर्व भागलपुर जिला बल में तबादला भी हुआ था, लेकिन वे अभी नवगछिया से विरमित नहीं हुए थे और यहां क्वार्टर में अकेले रह रहे थे। घटना की सूचना मिलते ही नवगछिया के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और मामले की छानबीन शुरू कर दी।

साक्ष्यों को सुरक्षित रखने के लिए भागलपुर से फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी की टीम को भी बुलाया गया है। प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, हालांकि पुलिस सभी कोणों से गहन जांच कर रही है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और एफ एस एल जांच के बाद ही मौत के सही कारणों और वास्तविक वजहों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा। मृतक के परिजन को सूचित कर दिया गया है और परिजनों के आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

हिन्दुस्थान समाचार / बिजय शंकर