विधिक जागरूकता कार्यक्रम संपन्न, 12 सितंबर को लगेगी राष्ट्रीय लोक अदालत
कटिहार, 05 जुलाई (हि.स.)। बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, पटना के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार, कटिहार के अवर न्यायाधीश-सह-सचिव कमलेश सिंह देबू के नेतृत्व में रविवार को प्रखंड कार्यालय स्थित कृषि विभाग के सभागार में नालसा के तत्वावधान में एक विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बाल विवाह की रोकथाम, पीड़ितों के पुनर्वास, मुफ्त कानूनी सहायता और आगामी 12 सितंबर को होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के प्रति लोगों को जागरूक करना था। कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन प्रखंड विकास पदाधिकारी की उपस्थिति में किया गया।
इस अवसर पर अवर न्यायाधीश-सह-सचिव कमलेश सिंह देबू ने कहा कि विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा संचालित योजनाएं समाज के कमजोर और जरूरतमंद लोगों को न्याय दिलाने का एक सशक्त माध्यम हैं। उन्होंने आम लोगों से इन योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की ताकि बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियों पर प्रभावी रोक लगाई जा सके। साथ ही उन्होंने 12 सितंबर को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की विस्तृत जानकारी देते हुए सभी से अपने सुलहनीय लंबित मामलों के निष्पादन और लोक अदालत का लाभ उठाने की अपील की।
कार्यक्रम में प्रतिनियुक्त पैनल अधिवक्ता गुंजन कुमार सिंह ने विधिक सेवा प्राधिकार अधिनियम, बाल विवाह निषेध कानून, पीड़ितों के संरक्षण, भरण-पोषण और पुनर्वास से संबंधित कानूनी प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने उपस्थित सेविका-सहायिकाओं और प्रखंड कर्मियों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया। वहीं, एलएडीसी विजय कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि समाज में कानूनी जागरूकता का विस्तार ही बाल विवाह जैसी कुप्रथा को समाप्त करने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने स्थायी लोक अदालत की कार्यप्रणाली और इसके माध्यम से मिलने वाले त्वरित एवं सुलभ न्याय की भी जानकारी दी।
तटवासी समाज के सदस्य अमरेश कुमार सिन्हा और प्रदीप कुमार ने इस तरह के जागरूकता कार्यक्रमों को पंचायत स्तर तक पहुंचाने पर जोर देते हुए लोगों से बाल विवाह के विरुद्ध आगे आने और समाज को कुरीतियों से मुक्त बनाने का आह्वान किया। पारा विधिक स्वयंसेवक पवन कुमार और अविनाश कुमार ने जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा उपलब्ध कराई जाने वाली निःशुल्क कानूनी सहायता, मुफ्त अधिवक्ता की सुविधा और पीड़ित प्रतिकर योजना आदि के बारे में बताया। कार्यक्रम को सफल बनाने में डीएलएसए कार्यालय के सिंटू कुमार, संतोष कुमार, पारा विधिक स्वयंसेवकों, सेविका-सहायिकाओं एवं प्रखंड कर्मियों की अहम भागीदारी रही।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / विनोद सिंह