वोट बचाने की जंग में दिल्ली कूच करेगी कांग्रेस, रामलीला मैदान में शक्ति प्रदर्शन की तैयारी

 


किशनगंज, 28 अक्टूबर (हि.स.)। वोट चोरी के आरोपों और चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर कांग्रेस तथा इंडिया गठबंधन ने केंद्र सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज करने की तैयारी की है। इसी कड़ी में 1 नवंबर 2026 को दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित होने वाली वोट बचाओ-देश बचाओ (चलो दिल्ली) महारैली को सफल बनाने के लिए कांग्रेस ने लोगों से जुटने की अपील की है।

बुधवार को जिला कांग्रेस कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में किशनगंज के कांग्रेस सांसद डॉ. मोहम्मद जावेद आजाद ने दिल्ली में रह रहे सीमांचल के लोगों से महारैली में शामिल होने का आह्वान किया। पत्रकार वार्ता में सांसद डॉ. जावेद आजाद ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर कांग्रेस और इंडिया गठबंधन के आंदोलन का जिक्र करते हुए केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस लगातार मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ आवाज उठा रही है, लेकिन मोदी सरकार उन्हें बचाने में लगी है।

सांसद ने मुख्य चुनाव आयुक्त और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की कथित मिलीभगत से बिहार और बंगाल में भारतीय जनता पार्टी को चुनावी लाभ मिलने का आरोप भी लगाया। डॉ. जावेद आजाद ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोलते हुए कहा कि विपक्षी दलों और युवाओं ने वोट चोरी के मुद्दे पर आंदोलन किया, लेकिन उनके अनुसार, प्रधानमंत्री ने जंतर-मंतर, जो धरना-प्रदर्शन का प्रमुख स्थल रहा है, वहां प्रदर्शन पर प्रतिबंध लगा दिया। उन्होंने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़ा गंभीर मुद्दा बताया।

सांसद ने कहा कि रामलीला मैदान में लाखों की संख्या में लोगों को जुटाकर केंद्र सरकार और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ को यह संदेश देना है कि जनता अपने मताधिकार और लोकतांत्रिक अधिकारों के प्रति सजग है। उन्होंने दिल्ली में रहने वाले सीमांचल के लोगों से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में महारैली में पहुंचकर अभियान को मजबूती दें।कांग्रेस की इस महारैली को वोट के अधिकार और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों पर विपक्ष के शक्ति प्रदर्शन के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, पत्रकार वार्ता में लगाए गए आरोप कांग्रेस सांसद के बयान हैं। इस मौके पर विधायक कमरूल हुदा, किशनगंज कांग्रेस जिला अध्यक्ष शहाबुल अख्तर, इमाम अली चिंटू, अहसान हसन, आजाद साहिल सहित पार्टी के अन्य नेता और कार्यकर्ता मौजूद थे।

हिन्दुस्थान समाचार / धर्मेन्द्र सिंह