आर्थिक तंगी से जूझ रहे मंगल ऋषि के परिवार को अभिनेत्री संचिता बसु के ट्रस्ट ने दी आर्थिक सहायता

 


भागलपुर, 24 अक्टूबर (हि.स.)। जिले के घोघा थाना क्षेत्र के पन्नुचक गांव में गरीबी और लाचारी की मार झेल रहे मृतक मंगल ऋषि के परिवार की मदद के लिए अब समाज आगे आने लगा है। ईंट-भट्ठे पर मजदूरी करने वाले मंगल ऋषि की 18 अक्टूबर को मौत हो गई थी।

घर की माली हालत इतनी खराब थी कि चंदा जुटाने के बाद भी अंतिम संस्कार के लिए पूरी लकड़ियां नसीब नहीं हुईं और परिजन को अधजले शव को गड्ढा खोदकर दफनाना पड़ा था। मीडिया में यह मर्माहत करने वाली खबर आने के बाद फिल्म अभिनेत्री संचिता बसु के परिवार द्वारा संचालित 'प्राची सेवा ट्रस्ट' ने पीड़ित परिवार को 11 हजार रुपये की नकद आर्थिक सहायता और राशन सामग्री उपलब्ध कराई है।

पीड़ित परिवार की मुश्किलें आज की नहीं हैं। परिजन ने बताया कि वर्षों पहले गंगा की भीषण कटान में उनकी अपनी जमीन विलीन हो गई थी, जिसके बाद उन्हें अपना पुराना आशियाना छोड़ना पड़ा। आज स्थिति यह है कि उनके पास न तो अपनी जमीन है और न ही रहने को मकान। परिवार दूसरे की जमीन पर झोपड़ी डालकर रहने को विवश है। घर के इकलौते कमाऊ सदस्य मंगल ऋषि की मौत के बाद अब उनकी पत्नी सोनी देवी, बुजुर्ग मां और पांच बच्चों (जिनमें तीन बेटियां हैं) के सामने रहने और खाने का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। मामला उजागर होने के बाद स्थानीय मुखिया की ओर से भी पीड़ित परिवार को कुछ राशन सामग्री दी गई थी। हालांकि, केवल कुछ दिनों के राशन से इस परिवार की दिक्कतों का स्थायी समाधान संभव नहीं है। इसी बीच प्राची सेवा ट्रस्ट के सदस्यों ने पन्नुचक पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की, उनका ढांढस बंधाया और आगे भी हरसंभव मदद करने का भरोसा दिया। भले ही सामाजिक संस्थाओं के आने से परिवार को तात्कालिक राहत मिली है, लेकिन पांच मासूम बच्चों की परवरिश, पढ़ाई-लिखाई, स्वास्थ्य और सुरक्षित भविष्य अब भी एक बड़ी चुनौती है। रोती-बिलखती पत्नी सोनी देवी और बुजुर्ग मां को उम्मीद है कि पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव, स्थानीय जनप्रतिनिधि और बिहार सरकार उनकी इस बदहाली पर संज्ञान लेंगे, ताकि भूमिहीन हो चुके इस गरीब परिवार को स्थायी आवास और रोजगार का कोई साधन मिल सके।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / बिजय शंकर