राष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों पर खरे उतरे जिले के आठ स्वास्थ्य केंद्र

 


किशनगंज, 23 सितंबर (हि.स.)। जिले में ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि सामने आई है। जिले के आठ हेल्थ एंड वेलनेस सेंटरों को राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (एनक्वास) के तहत राष्ट्रीय स्तर पर प्रमाणीकरण मिला है। वहीं तीन अन्य स्वास्थ्य केंद्र राज्य स्तरीय प्रमाणीकरण हासिल कर चुके हैं। चालू वर्ष में 24 अन्य हेल्थ एंड वेलनेस सेंटरों को राज्य स्तरीय प्रमाणीकरण के लिए चिह्नित किया गया है।

राष्ट्रीय स्तर पर प्रमाणित केंद्रों में टेढ़ागाछ का झाला, पोठिया का बालडिया हाट, बहादुरगंज का बैसा गोपालगंज, किशनगंज के गाछपाड़ा व मोतिहारा, दिघलबैंक का धनटोला, ठाकुरगंज का भोगडाबर तथा कोचाधामन का धनपुरा शामिल हैं। एनक्वास प्रमाणीकरण के लिए स्वास्थ्य केंद्रों में स्वच्छता, संक्रमण नियंत्रण, मरीजों की सुरक्षा, आवश्यक दवाओं एवं जांच की उपलब्धता, अभिलेखों का रखरखाव, आधारभूत सुविधाओं और स्वास्थ्य सेवाओं की प्रक्रिया समेत विभिन्न मानकों की समीक्षा की जाती है।

इन केंद्रों का राष्ट्रीय स्तर पर प्रमाणित होना जिले में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है। डीक्यूएसी सुमन सिन्हा ने बताया कि प्रमाणीकरण केवल प्रमाणपत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि स्वास्थ्य केंद्रों में निरंतर गुणवत्ता सुधार की प्रक्रिया बनाए रखना इसका उद्देश्य है। इसके लिए कमियों की पहचान कर नियमित रूप से सुधार किया जाता है।

जिलाधिकारी नवीन कुमार ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को उनके निकट गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। सिविल सर्जन डॉ. राज कुमार चौधरी ने कहा कि आठ केंद्रों का राष्ट्रीय प्रमाणीकरण स्वास्थ्य विभाग और कर्मियों के सामूहिक प्रयास का परिणाम है। उन्होंने कहा कि अन्य केंद्रों को भी निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप विकसित करने का प्रयास जारी रहेगा।

हिन्दुस्थान समाचार / धर्मेन्द्र सिंह