गणपतगंज में विशाल निरंकारी संत समागम आयोजित,मानवता और प्रेम का दिया संदेश
सुपौल, 24 जुलाई (हि.स.)। जिले के राघोपुर प्रखंड अंतर्गत गणपतगंज स्थित पंचायत भवन परिसर में शुक्रवार को संत निरंकारी मिशन के तत्वावधान में एक दिवसीय विशाल निरंकारी संत समागम का आयोजन किया गया।
समागम में सुपौल, सहरसा, मधेपुरा, दरभंगा समेत आसपास के कई जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु, महात्मा एवं सेवादल के सदस्य शामिल हुए। दोपहर 12 बजे से ढाई बजे तक चले कार्यक्रम के दौरान पूरा परिसर भजनों और सत्संग के आध्यात्मिक विचारों से भक्तिमय बना रहा।समागम की अध्यक्षता केंद्रीय प्रचारक संत निर्मल कुमार सोनी ने की। उन्होंने सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज के संदेशों का उल्लेख करते हुए कहा कि धर्म का वास्तविक उद्देश्य मानव को जोड़ना है, बांटना नहीं। उन्होंने कहा कि ब्रह्मज्ञान के माध्यम से निराकार परमात्मा की पहचान होती है, जिससे मनुष्य के भीतर प्रेम, करुणा और समानता की भावना विकसित होती है।
उन्होंने कहा कि सतगुरु के मार्गदर्शन से ही मनुष्य ईश्वर का साक्षात्कार कर जीवन को सही दिशा दे सकता है। वर्तमान समय में समाज को सबसे अधिक आवश्यकता प्रेम, सद्भाव और आपसी विश्वास की है। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से मानवता की भावना को अपनाने और सामाजिक समरसता को मजबूत करने का आह्वान किया।
समागम के दौरान विभिन्न जिलों से पहुंचे वरिष्ठ महात्माओं ने भी अपने विचार रखे। दरभंगा के मुखी नंदकिशोर राय, सहरसा सेवादल संचालक ललन चौधरी, सुपौल मुखी नारायण साहू, हिरपट्टी मुखी लक्ष्मीनारायण साह तथा रामचंद्र साह ने आध्यात्मिक जागरूकता, मानव सेवा और समाज कल्याण के विषय पर अपने विचार व्यक्त किए।कार्यक्रम को सफल बनाने में स्थानीय सेवादारों और आयोजन समिति की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र