जामा मस्जिद के मौलाना और ठाकुरबाड़ी के महंत ने एक दूसरे को माला पहना और गले मिलकर दिया सांप्रदायिक सौहार्द्र का संदेश

 


अररिया 13 सितम्बर(हि.स.)।

फारबिसगंज में 1904 से लगातार अनवरत निकले महावीर झंडा शोभायात्रा जुलूस दरभंगिया टोला रूट से होते हुए जामा मस्जिद के पास से गुजरी तो मुस्लिम समाज के लोगों के साथ जामा मस्जिद के मौलाना ने फुलमाला से अगुवाई कर रहे श्री सांवलिया कुंज ठाकुरबाड़ी के महंत पंडित अंगद दूबे का स्वागत किया।

जुलूस की अगुवाई कर रहे संचालन समिति के सदस्यों का माला पहनाकर स्वागत किया गया। जामा मस्जिद के पास ही बने मंच पर मौलाना और महंत का मिलन हुआ।दोनों एक दूसरे के गले मिले और धार्मिक ग्रंथों के आदान प्रदान के साथ ही एक दूसरे को माला पहनाकर स्वागत किया।

महावीरी झंडा जुलूस के दौरान जामा मस्जिद के मौलाना और सांवलिया कुंज ठाकुरबाड़ी के महंत का मिलन वर्षों से चली आ रही परम्परा है।हालांकि पिछले कुछ वर्ष पहले इस परम्परा को लेकर कुछ विरोधाभास हुआ था,लेकिन विगत दो सालों से इस परम्परा का निर्वहन फिर से होता आ रहा है।

मौके पर सामाजिक कार्यकर्ता वाहिद अंसारी,इजहार आलम,इजहार अंसारी,मो.ग़ालिब,इरशाद सिद्दीकी, राजा अली,क्रांति कुंवर,औरंगजेब,आफताब आलम,फूल कुमार,मो.दिलशाद समेत आयोजन समिति के सदस्य सच्चिदानंद मेहता,प्रो.गणेश ठाकुर,बिमल सिंह,अनूप जायसवाल,उमाशंकर यादव, शंभू साह,अंजनी मिश्रा,माधव लाल कर्ण समेत बड़ी संख्या में दोनों समुदाय के लोग मौजूद थे।

हिन्दुस्थान समाचार / राहुल कुमार ठाकुर