बाल विज्ञान कांग्रेस-2026 के लिए शिक्षकों का जिला स्तरीय प्रशिक्षण

 


सुपौल, 23 जुलाई (हि.स.)। राज्य शिक्षा शोध एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) बिहार, बिहार काउंसिल ऑन साइंस एंड टेक्नोलॉजी, पटना तथा साइंस फॉर सोसाइटी के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को स्थानीय अभियंत्रण महाविद्यालय परिसर में बिहार बाल विज्ञान कांग्रेस-2026 के लिए शिक्षकों का जिला स्तरीय प्रशिक्षण सह दिशा-निर्देशन कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला का विषय निरंतरता के लिए विज्ञान एवं नवाचार रखा गया। इसका उद्देश्य शिक्षकों को बाल विज्ञान कांग्रेस की प्रक्रिया, शोध परियोजनाओं के निर्माण और विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करने के लिए प्रशिक्षित करना था।

कार्यक्रम का उद्घाटन जिलाधिकारी सावन कुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी संग्राम सिंह, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (माध्यमिक शिक्षा) आलोक शेखर आनंद, अभियंत्रण महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. ए.एन. मिश्रा, जिला समन्वयक राजीव कुमार तथा शिक्षाविद् डॉ. निखिल कुमार सिंह ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। छात्राओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया तथा अतिथियों का सम्मान भी किया गया।

जिलाधिकारी सावन कुमार ने कहा कि बाल विज्ञान कांग्रेस बच्चों में वैज्ञानिक सोच, शोध की भावना और नवाचार को बढ़ावा देने का प्रभावी मंच है। उन्होंने शिक्षकों से विद्यार्थियों को स्थानीय समस्याओं की पहचान कर उनके वैज्ञानिक समाधान खोजने के लिए प्रेरित करने की अपील की। शिक्षाविद् डॉ. निखिल कुमार सिंह ने कहा कि वैज्ञानिक दृष्टिकोण, अनुसंधान की प्रवृत्ति और प्रकृति संरक्षण के साथ विकास की सोच विद्यार्थियों में विकसित करना समय की आवश्यकता है। तकनीकी सत्र में जिला समन्वयक राजीव कुमार ने शोध परियोजनाओं के चयन, प्रस्तुतीकरण और मूल्यांकन की प्रक्रिया की जानकारी दी।

विशेषज्ञों ने जल संरक्षण, कचरा एवं अपशिष्ट प्रबंधन (आर-5), ऊर्जा संरक्षण, भारतीय ज्ञान प्रणाली तथा भोजन, कृषि एवं स्वास्थ्य जैसे विषयों पर विस्तार से प्रशिक्षण दिया।समापन सत्र में विज्ञान आधारित परियोजनाओं और मॉडलों का व्यावहारिक प्रदर्शन किया गया। विशेषज्ञों ने शोध पद्धति, डेटा संग्रहण और प्रभावी प्रस्तुतीकरण की तकनीकों से शिक्षकों को अवगत कराया। कार्यशाला में जिले के 125 से अधिक विद्यालयों के शिक्षकों ने भाग लिया। आयोजकों ने उम्मीद जताई कि इस प्रशिक्षण से जिले के अधिक विद्यार्थी नवाचारी विज्ञान परियोजनाओं के साथ राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करेंगे।

हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र