बिहार में शिक्षकों को अब मिलेगा पदोन्नति के साथ समय पर वेतन भुगतान

 


पटना, 27 फरवरी (हि.स.)। बिहार सरकार ने राज्य के सरकारी शिक्षकों और प्रधानाध्यापकों के हित में पदोन्नति, वेतन भुगतान और स्थानांतरण नीति को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली सरकार के इस फैसले से राज्य के लाखों शिक्षकों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।

बजट सत्र के अंतिम दिन विधानसभा में शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने बताया कि लंबे समय से लंबित शिक्षकों की पदोन्नति प्रक्रिया अब तय समयसीमा के भीतर पूरी की जाएगी। उन्होंने कहा कि वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंत के बाद पदोन्नति की प्रक्रिया पूर्ण कर ली जाएगी, जबकि इसकी शुरुआत अप्रैल 2026 से की जाएगी।

मंत्री ने स्पष्ट किया कि पदोन्नति प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष होगी। इसमें शिक्षकों की सेवा अवधि, शैक्षणिक योग्यता और विभागीय नियमों को आधार बनाया जाएगा। पहले चरण में प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों को पदोन्नति का लाभ दिया जाएगा, इसके बाद अन्य श्रेणियों के शिक्षकों को शामिल किया जाएगा।

सरकार शिक्षकों के स्थानांतरण को लेकर भी नई नीति लागू करने जा रही है। नई स्थानांतरण नीति के तहत जून 2026 से बड़े स्तर पर तबादले किए जाएंगे। इससे दूरदराज और कठिन क्षेत्रों में कार्यरत शिक्षकों को राहत मिलने की संभावना है तथा मानव संसाधन का संतुलित वितरण सुनिश्चित किया जा सकेगा।

शिक्षा मंत्री ने यह भी बताया कि राज्य सरकार ने कर्मचारियों और शिक्षकों के फरवरी माह का वेतन होली से पहले जारी करने का निर्णय लिया है। इस फैसले से लगभग 75 लाख सरकारी कर्मियों को लाभ मिलेगा, जिनमें 58 लाख से अधिक शिक्षक और प्रधानाध्यापक शामिल हैं।

इसके अलावा राज्य सरकार ने शिक्षा क्षेत्र को मजबूत बनाने के उद्देश्य से वर्ष 2026-27 के बजट में शिक्षा विभाग के लिए 68 हजार करोड़ रुपये से अधिक का प्रावधान किया है। इस राशि का उपयोग स्कूलों के बुनियादी ढांचे के विकास, शिक्षकों की सुविधाओं में वृद्धि और शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए किया जाएगा।--------------

हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद चौधरी