बिहार की राजग सरकार विकास के सभी मानकों पर सबसे नीचे है : तेजस्वी यादव

 


पटना, 05 मार्च (हि.स.)। बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने राज्य की राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की सरकार को हर मोर्चे पर विफल बताया है। उन्होंने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर एक पोस्ट के जरिए सरकार की नीतियों और कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए।

तेजस्वी यादव ने कहा कि बीते 21 वर्षों में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की सरकार के दौरान बिहार विकास के लगभग सभी प्रमुख संकेतकों में देश में सबसे नीचे बना हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य साक्षरता दर, प्रति व्यक्ति आय, किसानों की आय, निवेश, उपभोग और बिजली खपत जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में पिछड़ा हुआ है।

तेजस्वी ने कहा कि दूसरी ओर अपराध, गरीबी, बेरोजगारी, पलायन और भ्रष्टाचार जैसे मामलों में बिहार शीर्ष स्थान पर बना हुआ है, जो सरकार की नीतिगत विफलता को दर्शाता है।

तेजस्वी यादव ने शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र की स्थिति को भी गंभीर बताते हुए कहा कि राज्य में स्कूल ड्रॉपआउट रेट अधिक है और पुपिल-टीचर अनुपात असंतुलित है। इसके साथ ही उन्होंने कुपोषण और स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल स्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने दावा किया कि राज्य में डॉक्टरों के लगभग 58 प्रतिशत पद खाली हैं, जिससे आम जनता को पर्याप्त चिकित्सा सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं।

तेजस्वी यादव ने राज्य सरकार पर आरोप लगाया कि वह अपनी विफलताओं को छिपाने के लिए चुनाव के दौरान झूठे वादे करती है और सरकारी तंत्र का दुरुपयोग करती है। साथ ही उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और दोनों उपमुख्यमंत्रियों को खुली चुनौती देते हुए कहा कि वे बिहार के विकास के मुद्दे पर कहीं भी सार्वजनिक बहस के लिए तैयार हैं।

तेजस्वी यादव के बयान का कांग्रेस ने भी समर्थन किया है। पार्टी प्रवक्ता स्नेहाशीष वर्धन ने कहा कि नीतीश कुमार पिछले लगभग 20 वर्षों से भाजपा के साथ मिलकर राज्य में सरकार चला रहे हैं और पिछले 12 वर्षों से केंद्र में भी उनकी (राजग) सरकार रही है। इसके बावजूद बिहार का पिछड़ापन दूर नहीं हो पाया है।

कांग्रेस प्रवक्त ने कहा कि सरकार को अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए और केवल चुनावी रैलियों में बयानबाजी करने के बजाय विकास पर ध्यान देना चाहिए।

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हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद चौधरी