बिहार विधान परिषद चुनाव : 72 करोड़ की संपत्ति के साथ राजद प्रत्याशी दिलीप कुमार सबसे अमीर, कांग्रेस के मदन मोहन झा पर 13 मामले

 


पटना, 9 अक्टूबर (हि.स.)। बिहार विधान परिषद की आठ सीटों पर होने वाले चुनाव में नामांकन पत्रों की जांच के बाद 152 उम्मीदवार मैदान में रह गए हैं। कुल 164 उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किया था, जिनमें से 12 के पर्चे खारिज हो गए। उम्मीदवारों के चुनावी हलफनामों के अनुसार, पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से राष्ट्रीय जनता दल (राजद) प्रत्याशी दिलीप कुमार करीब 72 करोड़ रुपये की घोषित संपत्ति के साथ सबसे धनी उम्मीदवार हैं। वहीं, कांग्रेस प्रत्याशी डॉ. मदन मोहन झा के खिलाफ 13 आपराधिक मामले दर्ज हैं।

उम्मीदवारों के हलफनामों के मुताबिक, 56 वर्षीय दिलीप कुमार के पास बीबीए की डिग्री है। उनकी घोषित संपत्ति करीब 72 करोड़ रुपये है। उनके पास लगभग 1.4 किलोग्राम सोना भी है और उनके खिलाफ एक आपराधिक मामला दर्ज है। संपत्ति के मामले में अन्य प्रमुख उम्मीदवारों में कांग्रेस के असदुल्लाह खान करीब 13 करोड़ रुपये, जनसुराज के रजनीश रंजन करीब 14 करोड़ रुपये और एनके यादव करीब 15.25 करोड़ रुपये की संपत्ति के मालिक हैं।

आपराधिक मामलों के लिहाज से कांग्रेस प्रत्याशी डॉ. मदन मोहन झा सबसे आगे हैं। उनके खिलाफ 13 मामले दर्ज हैं। उनकी घोषित संपत्ति करीब 7.5 करोड़ रुपये है। उन्होंने पीएचडी की डिग्री हासिल की है।

शैक्षणिक योग्यता के मामले में जनसुराज के उम्मीदवार भी चर्चा में हैं। पार्टी के आठ उम्मीदवारों में से सात के पास स्नातकोत्तर या पीएचडी की डिग्री है। वहीं, सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से प्रत्याशी अफाक अहमद स्नातक हैं।

उम्र के लिहाज से जदयू के तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के प्रत्याशी अभिषेक झा सबसे युवा उम्मीदवार हैं। उनकी उम्र 33 वर्ष है। वहीं, भाजपा के तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के प्रत्याशी नरेंद्र प्रसाद सिंह 79 वर्ष की उम्र के साथ सबसे बुजुर्ग उम्मीदवार हैं।

जनसुराज के दरभंगा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के प्रत्याशी मोहम्मद इम्तियाज की घोषित कुल संपत्ति करीब 3.97 करोड़ रुपये है। उनके पास लगभग 1.64 करोड़ रुपये की मर्सिडीज जीएलएस-450 कार, एक टोयोटा कार और करीब 500 ग्राम सोना है। उनके हलफनामे में लगभग 1.65 करोड़ रुपये की चल संपत्ति का भी उल्लेख है।

उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, पार्टीवार उम्मीदवारों पर दर्ज आपराधिक मामलों का औसत कांग्रेस में करीब 2.8, जनसुराज में 1.5, राजद में 1.28, भाजपा में 1.25 और जदयू में 0.5 है। इस लिहाज से कांग्रेस उम्मीदवारों का औसत सबसे अधिक और जदयू उम्मीदवारों का सबसे कम है।

महिला प्रतिनिधित्व के मामले में भी तस्वीर सीमित है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, सात प्रमुख दलों के 30 उम्मीदवारों में केवल दो महिलाएं हैं। इनमें राजद की रश्मि विनायक गौतम और जनसुराज की दिव्या ज्योति शामिल हैं।

आठ सीटों पर 23 अक्टूबर को मतदान

बिहार विधान परिषद की चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की सीटों के लिए 23 अक्टूबर को मतदान होगा। मतदान सुबह आठ बजे से शाम चार बजे तक निर्धारित है, जबकि मतगणना 27 अक्टूबर को प्रस्तावित है।

स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में संबंधित क्षेत्र के कम-से-कम तीन वर्ष पुराने स्नातक मतदाता मतदान कर सकते हैं। वहीं, शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में पात्र शिक्षण संस्थानों में कम-से-कम तीन वर्ष का शिक्षण अनुभव रखने वाले शिक्षक मतदान के पात्र होते हैं।

भाजपा ने चार सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं और तीन मौजूदा विधान परिषद सदस्यों को फिर से मौका दिया है। जनसुराज ने सभी आठ सीटों पर प्रत्याशी खड़े किए हैं। राजद, कांग्रेस, जदयू और अन्य दल भी अलग-अलग सीटों पर चुनावी मुकाबले में हैं।------------

हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद चौधरी