मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 286 करोड़ की 157 विकास योजनाओं का किया उद्घाटन-शिलान्यास
- सम्राट चौधरी ने पटना को विश्वस्तरीय शहर बनाने का संकल्प दोहराया
पटना, 19 जून (हि.स.)। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार को लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार से रिमोट के माध्यम से नगर विकास एवं आवास विभाग की 286 करोड़ रुपये की लागत वाली 157 महत्वपूर्ण विकास योजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया। इनमें 239 करोड़ रुपये की लागत से पूर्ण हुई 114 योजनाओं का उद्घाटन तथा 47 करोड़ रुपये की 43 नई योजनाओं का शिलान्यास शामिल है।
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार के शहरों को आधुनिक, स्वच्छ, सुव्यवस्थित और विश्वस्तरीय बनाने के लिए राज्य सरकार लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समृद्ध बिहार के संकल्प को साकार करने के लिए शहरी विकास के क्षेत्र में व्यापक स्तर पर योजनाएं लागू की जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पटना देश के सबसे प्राचीन और गौरवशाली शहरों में से एक है। इसकी ऐतिहासिक विरासत को संरक्षित रखते हुए आधुनिक विकास से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता है। शहर के सौंदर्यीकरण, आधारभूत संरचना के विस्तार और नागरिक सुविधाओं को मजबूत बनाने के लिए कई महत्वाकांक्षी योजनाओं को धरातल पर उतारा जा रहा है।
उन्होंने बताया कि अमृत 2.0 योजना के तहत 11.44 करोड़ रुपये की लागत से ‘वेस्ट टू वंडर’ थीम पर आधारित लोकनायक जयप्रकाश नारायण पार्क का शिलान्यास किया गया है। इस पार्क में लोकनायक जयप्रकाश नारायण के जीवन और योगदान को भी प्रदर्शित किया जाएगा। यह पार्क पर्यावरण संरक्षण और जन-जागरूकता का एक महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा।
सम्राट चौधरी ने कहा कि शहर को कचरा मुक्त बनाने के लिए ठोस अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किया जा रहा है। प्रधानमंत्री की महत्वाकांक्षी नमामि गंगे परियोजना के तहत पटना के अधिकाधिक घरों को सीवरेज नेटवर्क से जोड़ने का कार्य तेज गति से चल रहा है। इससे गंगा नदी की स्वच्छता के साथ-साथ शहरी स्वच्छता को भी बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि शहरवासियों को बेहतर बाजार सुविधाएं उपलब्ध कराने और यातायात व्यवस्था को व्यवस्थित करने के उद्देश्य से स्थानीय जरूरतों के अनुरूप सब्जी हाट योजना भी लागू की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पटना स्मार्ट सिटी परियोजना के अंतर्गत रिवर फ्रंट डेवलपमेंट प्रोजेक्ट, जेपी गंगा पथ तथा वन विभाग की ओर से विकसित ग्रीन एरिया, पार्किंग, उद्यान और वॉकिंग पाथ-वे जैसी परियोजनाओं का भी उद्घाटन किया गया है। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं से शहर की सुंदरता बढ़ेगी और नागरिकों को बेहतर सार्वजनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
रोजगार सृजन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पटना स्मार्ट सिटी के तहत आधुनिक डिजाइन की 50 दुकानों का शिलान्यास और 200 प्रीफैब्रिकेटेड दुकानों का उद्घाटन भी किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इससे छोटे व्यापारियों और उद्यमियों को नए अवसर मिलेंगे तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार के साधन विकसित होंगे।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने भविष्य की महत्वाकांक्षी योजना का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में ‘पाटलिपुत्र’ नाम से एक आधुनिक सैटेलाइट टाउनशिप विकसित की जाएगी। लगभग 66 हजार एकड़ क्षेत्र में प्रस्तावित इस टाउनशिप में अंतरराष्ट्रीय स्तर की आवासीय, शैक्षणिक, स्वास्थ्य, व्यावसायिक और मनोरंजन सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। उन्होंने कहा कि यह परियोजना पटना को आधुनिक शहरी विकास के नए मानकों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य बिहार के प्रत्येक शहर को विकास, स्वच्छता और सुशासन का आदर्श केंद्र बनाना है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इन विकास योजनाओं के माध्यम से पटना अपने ऐतिहासिक गौरव को पुनः स्थापित करते हुए आधुनिक और स्मार्ट शहर के रूप में नई पहचान बनाएगा।
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हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद चौधरी