बिहार कैबिनेट: 24 प्रस्तावों पर मुहर, बेगूसराय में दिनकर और पटना में मां सीता महिला विश्वविद्यालय को मंजूरी
पटना, 23 सितंबर (हि.स.)। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई बिहार मंत्रिमंडल की बैठक में कुल 24 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट ने राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की जयंती पर बेगूसराय में रामधारी सिंह दिनकर विश्वविद्यालय और पटना में मां सीता महिला विश्वविद्यालय की स्थापना को स्वीकृति दी। दिनकर विश्वविद्यालय के पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों के वेतन आदि के लिए 15 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति भी दी गई।
कैबिनेट ने पशुपालकों के लिए मुख्यमंत्री गो-धन विकास ऋण योजना को मंजूरी देते हुए बैंक ऋण के ब्याज पर 100 प्रतिशत अनुदान देने का निर्णय लिया। इसके तहत लाभुकों को केवल मूलधन चुकाना होगा। योजना के लिए 1,600 करोड़ रुपये से अधिक की राशि स्वीकृत की गई है। उन्नत नस्ल की तीन गाय या दो भैंस के माध्यम से दुग्ध उत्पादन बढ़ाने और पशुपालकों की आय में वृद्धि पर जोर दिया जाएगा।
कैबिनेट की बैठक में वारिसलीगंज में नई चीनी मिल की स्थापना को भी मंजूरी दी गई। परियोजना में 500 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश प्रस्तावित है। इससे नवादा के साथ नालंदा, शेखपुरा और जमुई के किसानों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
बैठक में सात निश्चय-3 के तहत कोसी दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ के अधीन सुपौल, मधेपुरा और सहरसा में डेयरी विकास योजनाओं को भी मंजूरी मिली। करीब 126.07 करोड़ रुपये की लागत से दही प्लांट, प्रीमियम आइसक्रीम प्लांट, मिल्क चिलिंग प्लांट सहित अन्य सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
पुलिस व्यवस्था को मजबूत करने के लिए जिला पुलिस, रेल पुलिस, मद्यनिषेध और राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो के साथ लोक भवन से संबंधित उपकरणों की खरीद के लिए 336.85 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई। केंद्र प्रायोजित पुलिस आधुनिकीकरण योजना के तहत 50 ड्रोन खरीदने को भी मंजूरी मिली है। इन पर 24.50 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इनका उपयोग भीड़ नियंत्रण, नदी क्षेत्र में अभियान, नक्सल विरोधी अभियान और आपदा प्रबंधन में किया जाएगा।
कैबिनेट ने नगर निगम पटना को कर्मचारियों के वेतन भुगतान के लिए पूर्व में दिए गए 41.0041 करोड़ रुपये के ऋण को अनुदान के रूप में समायोजित करने का निर्णय लिया। राज्य के 12 चिकित्सा संस्थानों में ई-सुश्रुत एनएक्स एप्लीकेशन लागू करने की योजना को भी स्वीकृति दी गई।
इसके अलावा बिहार बॉयलर (जांच, न्यायनिर्णयन एवं अपील) नियमावली, 2026 को मंजूरी दी गई। कैबिनेट के फैसलों में उच्च शिक्षा, पशुपालन, डेयरी, चीनी उद्योग, पुलिस आधुनिकीकरण और स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े प्रस्ताव शामिल हैं।------------
हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद चौधरी