विदेश में नौकरी के नाम पर ठगी मामले में गिरफ्तारी

 


किशनगंज, 18 अक्टूबर (हि.स.)। विदेश में नौकरी दिलाने का झांसा देकर बेरोजगार युवाओं से कथित ठगी के मामले में नाहिद गनी और एक अन्य आरोपित की गिरफ्तारी पर पूर्व विधायक एवं राजद नेता मास्टर मुजाहिद आलम ने किशनगंज पुलिस की सराहना की है। उन्होंने पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार और एसडीपीओ-1 खुसरू सिराज के नेतृत्व में की गई कार्रवाई को महत्वपूर्ण बताते हुए मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है।

पूर्व विधायक मुजाहिद आलम ने आरोप लगाया कि नाहिद गनी और उसका गिरोह वर्षों से युवाओं को विदेश में नौकरी दिलाने का प्रलोभन देकर उनसे मोटी रकम वसूल रहा था। उनके मुताबिक, कुछ युवाओं को विदेश ले जाने के बाद कथित तौर पर बंधक बना लिया जाता था और उनके पासपोर्ट भी छीन लिए जाते थे। हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही हो सकेगी।

पूर्व विधायक ने बताया कि इस कथित फर्जीवाड़े को लेकर किशनगंज जिले के बहादुरगंज, बिशनपुर और कोचाधामन समेत विभिन्न थानों में मामले दर्ज हैं। पूर्णिया जिले के रौटा थाना में भी प्राथमिकी दर्ज होने की जानकारी देते हुए उन्होंने पूरे प्रकरण में कुल सात मामले होने का दावा किया। उनके अनुसार, इस कथित ठगी से हजारों युवा प्रभावित हुए हैं और ठगी की रकम अरबों रुपये तक पहुंचने की आशंका है।

उन्होंने आरोप लगाया कि ठगी से अर्जित धन से आरोपित ने आलीशान मकान और जमीन-जायदाद खरीदी। साथ ही, पीड़ितों को कथित तौर पर प्रशासनिक और राजनीतिक रसूख का भय दिखाकर डराया-धमकाया जाता था। पूर्व विधायक मुजाहिद आलम के अनुसार, मामला पुलिस प्रशासन के समक्ष उठाने के बाद मलेशिया में फंसे करीब 25 युवाओं को 53-53 हजार रुपये वापस दिलाए गए। वहीं, दुबई में फंसे सात युवाओं को पुलिस निरीक्षक अमौर के सहयोग से वापस लाने तथा उनके रुपये और पासपोर्ट लौटाने में मदद मिली।

उन्होंने कोचाधामन, टेढ़ागाछ, रौटा और बनिया क्षेत्र के अन्य पीड़ितों को भी राशि वापस दिलाने की बात कही। पूर्व विधायक ने पुलिस से मामले की गहराई से जांच करने, कथित गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान करने और उनकी भूमिका के आधार पर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की। उन्होंने उम्मीद जताई कि पुलिस की कार्रवाई से विदेश में नौकरी के नाम पर कथित ठगी के शिकार युवाओं को न्याय मिल सकेगा।

हिन्दुस्थान समाचार / धर्मेन्द्र सिंह