जीरादेई बालगृह में 24 वर्षीय युवक की मौत, इलाज के दौरान रास्ते में तोड़ा दम
सीवान, 25 अगस्त (हि.स.)। सीवान जिले के जीरादेई प्रखंड के भैंसाखाल स्थित बालगृह में मंगलवार की सुबह एक 24 वर्षीय युवक की मौत हो गयी। मृतक की पहचान पप्पू कुमार के रूप में हुई है, जो छपरा जिले का रहने वाला बताया जाता है। उसकी तबीयत लंबे समय से खराब रहने की बात सामने आयी है।
बताया जाता है कि भैंसाखाल में बालगृह का निर्माण होने के बाद पप्पू कुमार को पटना स्थित बालगृह से सीवान स्थानांतरित किया गया था।बालगृह के सहायक निदेशक रूपेश कुमार के अनुसार, पप्पू मानसिक रूप से बीमार था और उसका कई बार पीएमसीएच, पटना में इलाज कराया गया था। उसकी तबीयत करीब तीन दिन पहले भी खराब हुई थी, जिसके बाद उसे सदर अस्पताल में दिखाने की बात सामने आ रही है।
सोमवार की रात अचानक उसकी तबीयत अधिक बिगड़ गयी। इसके बाद बालगृह के कर्मचारी उसे इलाज के लिए सदर अस्पताल लेकर रवाना हुए, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में उसकी मौत हो गयी। मंगलवार की सुबह शव को सदर अस्पताल लाया गया, जहां पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी की जा रही थी।
सहायक निदेशक ने बताया कि पप्पू की उम्र 18 वर्ष से अधिक थी। नियम के अनुसार बालगृह में 18 वर्ष तक के बच्चों को रखने का प्रावधान है, लेकिन मानसिक बीमारी और अन्य कोई व्यवस्था उपलब्ध नहीं होने के कारण उसे बालगृह में रखा गया था।
विभाग के पास मृतक के परिजनों के संबंध में फिलहाल कोई जानकारी नहीं है। अधिकारी उसकी पहचान और परिजनों का पता लगाने में जुटे हैं। समाचार लिखे जाने तक शव सदर अस्पताल में रखा हुआ था।
हिन्दुस्थान समाचार / Amar Nath Sharma