Vrat Recipe: नवरात्रि व्रत में खाएं चटपटे दही वाले आलू, 10 मिनट में बनकर होंगे तैयार; नोट करें रेसिपी

आज से चैत्र नवरात्रि का पावन पर्व शुरू हो चुका है। नवरात्रि के पावन दिनों में जब हम नौ दिनों का उपवास रखते हैं, तो सबसे बड़ी चुनौती यह होती है कि सात्विक खाने में रोज-रोज क्या बनाया जाए, जो न केवल स्वाद में बेहतर हो बल्कि पेट भी भर जाए। कुट्टू की पूरी साबूदाना खिचड़ी, आलू हमेशा से व्रत का सबसे पसंदीदा रहा है, लेकिन हर बार वही सूखे आलू खाकर मन भर जाता है। अब ऐसे में आप चटपटे दही वाले आलू बना सकती हैं। यह डिश न केवल बनाने में बहुत आसान है बल्कि इसकी ग्रेवी का खट्टा-तीखा स्वाद भूख को शांत कर देता है। सबसे अच्छी बात कि इसे बनाने में मात्र 10 मिनट का समय लगता है। नीचे पढ़ें इसे बनाने की रेसिपी।

 

आज से चैत्र नवरात्रि का पावन पर्व शुरू हो चुका है। नवरात्रि के पावन दिनों में जब हम नौ दिनों का उपवास रखते हैं, तो सबसे बड़ी चुनौती यह होती है कि सात्विक खाने में रोज-रोज क्या बनाया जाए, जो न केवल स्वाद में बेहतर हो बल्कि पेट भी भर जाए। कुट्टू की पूरी साबूदाना खिचड़ी, आलू हमेशा से व्रत का सबसे पसंदीदा रहा है, लेकिन हर बार वही सूखे आलू खाकर मन भर जाता है। अब ऐसे में आप चटपटे दही वाले आलू बना सकती हैं। यह डिश न केवल बनाने में बहुत आसान है बल्कि इसकी ग्रेवी का खट्टा-तीखा स्वाद भूख को शांत कर देता है। सबसे अच्छी बात कि इसे बनाने में मात्र 10 मिनट का समय लगता है। नीचे पढ़ें इसे बनाने की रेसिपी।


व्रत वाले दही वाले आलू की रेसिपी 

सबसे पहले एक कड़ाही में घी गर्म करें। घी जब गर्म हो जाए, तो उसमें जीरा डालें।
जीरा चटकने के बाद कद्दूकस किया हुआ अदरक और हरी मिर्च डालकर हल्का भून लें।
अब इसमें हाथ से मोटे टूटे हुए उबले आलू डालकर 2-3 मिनट तक घी में हल्का सुनहरा होने तक भूनें।
अब इसमें स्वाद के हिसाब से सेंधा नमक और काली मिर्च पाउडर डालकर अच्छी तरह मिलाएं।
इसके बाद गैस की फ्लेम लो कर गैस फेंटा हुआ दही डालकर लगातार चलाएं।
अगर आप इसे चलाना छोड़ देंगी, तो गर्म आलू और घी में आकर दही फट सकता है।
अगर आपको तरी वाली सब्जी चाहिए, तो आधा कप पानी डालें।
एक उबाल आने तक पकाएं और फिर बारीक कटे हरे धनिया डालें।
दही आलू बनाते समय ट्राई करें ये टिप्स


दही डालते समय गैस बंद कर दें।
दही और आलू जब अच्छे से मिल जाएं, तब दोबारा गैस जलाएं।
आलुओं को चाकू से काटने के बजाय हाथ से फोड़ें।
इससे सब्जी की ग्रेवी गाढ़ी और लजीज बनती है।