पैनिक अटैक और एंग्जायटी अटैक के बीच में क्या है अंतर, ऐसे पहचानें लक्षण
 

इन दिनों ज़्यदातर लोग एंजाइटी और पैनिक अटैक का शिकार हो रहे हैं। काम का प्रेशर, एक दूसरे से आगे बढ़ने की होड़, जलन, सफलता, असफलता जैसी चीज़ों की वजहों से लोग ज़्यादा स्ट्रेस लेते हैं और धीरे-धीरे अवसाद में चले जाते हैं यानी कुल मिलाकर कहें तो मेन्टल हेल्थ प्रभावित होने से लोग अवसाद ग्रस्त हो रहे हैं। एंजाइटी और पैनिक अटैक से ग्रसित लोगों की संख्या दिन ब दिन बढ़ती जा रही है। लेकिन क्या आप जानते हैं एंजाइटी और पैनिक अटैक ये दोनों ही कंडीशन एक दूसरे से बहुत अलग हैं। सबसे पहले तो ये जान लीजिये कि एंजाइटी और पैनिक अटैक ये दोनों कंडीशनिंग एक दूसरे से बेहद अलग है। चलिए हम आपको बताते हैं कि एंजाइटी और पैनिक अटैक में क्या अंतर् है।

 

इन दिनों ज़्यदातर लोग एंजाइटी और पैनिक अटैक का शिकार हो रहे हैं। काम का प्रेशर, एक दूसरे से आगे बढ़ने की होड़, जलन, सफलता, असफलता जैसी चीज़ों की वजहों से लोग ज़्यादा स्ट्रेस लेते हैं और धीरे-धीरे अवसाद में चले जाते हैं यानी कुल मिलाकर कहें तो मेन्टल हेल्थ प्रभावित होने से लोग अवसाद ग्रस्त हो रहे हैं। एंजाइटी और पैनिक अटैक से ग्रसित लोगों की संख्या दिन ब दिन बढ़ती जा रही है। लेकिन क्या आप जानते हैं एंजाइटी और पैनिक अटैक ये दोनों ही कंडीशन एक दूसरे से बहुत अलग हैं। सबसे पहले तो ये जान लीजिये कि एंजाइटी और पैनिक अटैक ये दोनों कंडीशनिंग एक दूसरे से बेहद अलग है। चलिए हम आपको बताते हैं कि एंजाइटी और पैनिक अटैक में क्या अंतर् है।

क्या है एंजाइटी अटैक
एंजाइटी अटैक आने के पीछे कोई बहुत बड़ी तकलीफ और दर्द छुपा होता है। बहुत ज़्यादा चिंता और तनाव लेने की वजह से एंजाइटी अटैक का समना करना पड़ता है। कई बार दिमाग की मांसपेशियों में तनाव होने की वजह से भी अटैक का खतरा बढ़ जाता है। कोई बड़ा हादसा, कोई बुरा अनुभव या फिर कोई गंभीर परिस्थति जैसे कारणों से एंजाइटी अटैक आने की सम्भावना बढ़ जाती है।

एंजाइटी अटैक के लक्षण
सांस लेने में तकलीफ 
दिल की धड़कन का बढ़ना
पसीना आना 
डर लगना 
हाथ कांपना 

क्या है पैनिक अटैक?
वहीं दूसरी तरफ पैनिक अटैक अचानक से आता है। पैनिक अटैक बहुत बेहद तेज़ होता है। कई बार यह किसी अपने को खोने के डर से भी आ जाता है। यानी यह एक तरह से किसी फोबिया जैसा है। पैनिक अटैक किसी को भी कहीं भी आ सकता है।

पैनिक अटैक के लक्षण
सांस लेने में तकलीफ होना
उल्टी आना
दिल की धड़कनें तेज हो जाना
ब्लड प्रेशर हाई होना
अधिक पसीना आन
अधिक डर लगना

पैनिक अटैक और एंजाइटी अटैक में अंतर
पैनिक अटैक कभी भी कहीं भी आ सकता है। जबकि एंजाइटी अटैक धीरे धीरे शुरू होकर तेज आता है। 
पैनिक अटैक के पीसह डर सबसे बड़ी वजह होती है जबकि एंजाइटी अटैक चिंता की वजह से हो सकता है। 
एंजाइटी अटैक आने के पीछे कोई बड़ा हादसा जैसी स्तिथि हो सकती है वहीँ पैनिक अटैक बिना किसी वजह के भी ट्रिगर हो सकता है। 
पैनिक अटैक में आप काफी परेशान होने लगते हैं एंजाइटी अटैक के लक्षण कभी कम, कभी ज्यादा होते हैं। 
पैनिक और एंजाइटी अटैक दोनों ही बेहद खतरनाक है।