वाराणसी : चकरोड की नापी करने पहुंची राजस्व टीम का विरोध, बैरंग लौटी

चिरईगांव क्षेत्र के मुस्तफाबाद गांव में चकरोड निर्माण के लिए बुधवार को जमीन की नापी करने पहुंची राजस्व विभाग की छह सदस्यीय टीम को महिलाओं के विरोध का सामना करना पड़ा। इसके चलते टीम को बिना नापी किए ही वापस लौटना पड़ा। उपजिलाधिकारी सदर के आदेश पर नायब तहसीलदार जाल्हूपुर के नेतृत्व में टीम मौके पर पहुंची थी।
 

वाराणसी। चिरईगांव क्षेत्र के मुस्तफाबाद गांव में चकरोड निर्माण के लिए बुधवार को जमीन की नापी करने पहुंची राजस्व विभाग की छह सदस्यीय टीम को महिलाओं के विरोध का सामना करना पड़ा। इसके चलते टीम को बिना नापी किए ही वापस लौटना पड़ा। उपजिलाधिकारी सदर के आदेश पर नायब तहसीलदार जाल्हूपुर के नेतृत्व में टीम मौके पर पहुंची थी।

राजस्व टीम को गांव में चकरोड निर्माण के लिए जमीन की नापी कर रास्ते का सीमांकन करना था। इसी दौरान महिलाओं ने विरोध शुरू कर दिया। उनका कहना था कि पहले उनके पैतृक खाते की जमीन की नापी कराई जाए और उसके बाद रास्ते के लिए सरकारी भूमि का सीमांकन किया जाए। महिलाओं ने आरोप लगाया कि सरकारी भूमि पर रास्ते की मांग करने वाले त्रिभुवन और भगवान यादव के पक्ष के लोग खुद कब्जा किए हुए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके पैतृक खेत से रास्ता नहीं निकाला जाना चाहिए।

विरोध के चलते राजस्व टीम मौके पर नापी की कार्रवाई पूरी नहीं कर सकी और वापस लौट गई। इस संबंध में नायब तहसीलदार जाल्हूपुर मीनी एल चंद्रशेखर ने बताया कि मौके पर महिला पुलिसकर्मी उपलब्ध नहीं थीं। महिलाओं ने विरोध शुरू कर दिया, जिसके कारण नापी नहीं हो सकी। उन्होंने बताया कि पर्याप्त पुलिस बल उपलब्ध कराने की मांग की गई है। साथ ही स्पष्ट किया कि किसी भी व्यक्ति के निजी खेत से रास्ता नहीं निकाला जा सकता।