वाराणसी : अस्पताल और घर बनाने के लिए खरीदी जमीन, न मिली रजिस्ट्री, न्यूरो सर्जन से 2.5 करोड़ की कथित ठगी का मामला दर्ज

शहर के लंका थाना क्षेत्र स्थित सामनेघाट की महेश नगर कॉलोनी में जमीन खरीद-फरोख्त के नाम पर करोड़ों रुपये की कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। एक प्रतिष्ठित न्यूरो सर्जन की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले में करीब ढाई करोड़ रुपये के आर्थिक नुकसान का आरोप लगाया गया है।
 

वाराणसी। शहर के लंका थाना क्षेत्र स्थित सामनेघाट की महेश नगर कॉलोनी में जमीन खरीद-फरोख्त के नाम पर करोड़ों रुपये की कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। एक प्रतिष्ठित न्यूरो सर्जन की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले में करीब ढाई करोड़ रुपये के आर्थिक नुकसान का आरोप लगाया गया है।

महेश नगर कॉलोनी निवासी न्यूरो सर्जन डॉ. राकेश प्रताप सिंह ने पुलिस आयुक्त को प्रार्थना पत्र देकर बताया कि वर्ष 2018 में उन्होंने अपने आवास और अस्पताल निर्माण के उद्देश्य से जमीन खरीदने की योजना बनाई थी। इसी दौरान उनकी मुलाकात क्षेत्र के निवासी अरविंद कुमार सिंह से हुई। आरोप है कि अरविंद ने अपनी 1400 वर्ग फुट जमीन एक करोड़ रुपये में बेचने का प्रस्ताव रखा और जमीन का स्वामित्व हस्तांतरित करने का भरोसा दिलाया।

डॉ. सिंह के अनुसार, सौदा तय होने के बाद आरोपी ने दो लाख रुपये बयाने के रूप में प्राप्त किए। बाद में दोनों पक्षों के बीच शेष राशि किस्तों में भुगतान करने पर सहमति बनी। भरोसा दिलाते हुए आरोपी ने जमीन पर निर्माण कार्य शुरू करने की अनुमति भी दे दी। इस पर विश्वास कर डॉक्टर ने वहां मकान और अस्पताल के निर्माण का कार्य शुरू कराया, जिस पर लगभग 50 लाख रुपये खर्च हुए।

शिकायत में कहा गया है कि समय-समय पर विभिन्न माध्यमों से आरोपी को कुल 1 करोड़ 41 लाख 70 हजार 306 रुपये का भुगतान किया गया। इसमें करीब 18 लाख रुपये नकद तथा शेष धनराशि बैंक खातों के माध्यम से दी गई। इसके बावजूद आरोपी ने न तो जमीन की रजिस्ट्री कराई और न ही उसका वैध स्वामित्व हस्तांतरित किया।

पीड़ित का आरोप है कि कई वर्षों तक आरोपी रजिस्ट्री कराने का आश्वासन देता रहा और विभिन्न बहाने बनाकर मामले को टालता रहा। जब लगातार देरी होने लगी और संदेह गहराया, तब उन्होंने पुलिस अधिकारियों से शिकायत की।

पुलिस ने प्रारंभिक जांच के बाद मामले को गंभीर मानते हुए आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है। अधिकारियों का कहना है कि जमीन से जुड़े दस्तावेजों, बैंक लेन-देन और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।