वाराणसी : यूपी एग्रीज परियोजना के तहत किसानों को मिला मुफ्त बीज, हरी खाद अपनाने पर दिया गया जोर

किसानों की आय बढ़ाने और खेती को अधिक लाभकारी एवं टिकाऊ बनाने के उद्देश्य से यूपी एग्रीज परियोजना के अंतर्गत गुरुवार को चोलापुर विकास खंड के ग्राम देईपुर स्थित माध्यमिक विद्यालय तथा ग्राम पंचायत रजला के पंचायत भवन में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में चयनित किसानों को धान, हरी खाद बीज किट एवं ढैचा बीज का निःशुल्क वितरण किया गया। इस अवसर पर अजगरा विधानसभा के विधायक टी राम, उप कृषि निदेशक अमित जायसवाल, जिला कृषि अधिकारी संगम मौर्य तथा ग्राम प्रधान पति सफीउल्लाह मौजूद रहे।
 

वाराणसी। किसानों की आय बढ़ाने और खेती को अधिक लाभकारी एवं टिकाऊ बनाने के उद्देश्य से यूपी एग्रीज परियोजना के अंतर्गत गुरुवार को चोलापुर विकास खंड के ग्राम देईपुर स्थित माध्यमिक विद्यालय तथा ग्राम पंचायत रजला के पंचायत भवन में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में चयनित किसानों को धान, हरी खाद बीज किट एवं ढैचा बीज का निःशुल्क वितरण किया गया। इस अवसर पर अजगरा विधानसभा के विधायक टी राम, उप कृषि निदेशक अमित जायसवाल, जिला कृषि अधिकारी संगम मौर्य तथा ग्राम प्रधान पति सफीउल्लाह मौजूद रहे।

कार्यक्रम के दौरान किसानों को खेत बचाओ अभियान के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई और उन्हें मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने के लिए हरी खाद के उपयोग के प्रति जागरूक किया गया। कृषि विभाग के अधिकारियों ने किसानों को वैज्ञानिक खेती की आधुनिक तकनीकों को अपनाने की सलाह देते हुए कहा कि इससे उत्पादन लागत कम होगी और फसल की गुणवत्ता में भी सुधार आएगा।

विधायक टी राम ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि हरी खाद के बीजों की समय पर बुवाई करना बेहद आवश्यक है। इससे मिट्टी की सेहत बेहतर होती है, भूमि में जैविक तत्वों की वृद्धि होती है तथा रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम होती है। उन्होंने कहा कि कम लागत में बेहतर उत्पादन प्राप्त कर किसान अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत बना सकते हैं।

उप कृषि निदेशक अमित जायसवाल ने बताया कि विश्व बैंक के सहयोग से संचालित यूपी एग्रीज योजना के अंतर्गत जनपद वाराणसी के चार विकास खंड चोलापुर, चिरईगांव, सेवापुरी और आराजी लाइन की कुल 119 ग्राम पंचायतों का चयन किया गया है। योजना के तहत चयनित किसानों को निःशुल्क हरी खाद किट, ढैचा, धान और बाजरा के बीज उपलब्ध कराए जा रहे हैं। साथ ही किसानों को समय-समय पर तकनीकी प्रशिक्षण और कृषि संबंधी मार्गदर्शन भी दिया जाएगा।

उन्होंने बताया कि परियोजना के अंतर्गत मूल्य संवर्धन और विपणन की कार्ययोजना भी तैयार की जा रही है, जिससे किसान अपने कृषि उत्पादों का बेहतर मूल्य प्राप्त कर सकेंगे और उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। कार्यक्रम में पवन पाण्डेय, पप्पू पाण्डेय, अफसाना बेगम, पूनम, रमेश, इंद्रजीत, विजय सिंह, प्रमोद, अजय, जयप्रकाश मिश्रा, इब्राहिम, कल्लू यादव सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।