वाराणसी कैंट स्टेशन : घर से नाराज होकर निकले दो बच्चे, प्लेटफॉर्म नंबर 5 पर संदिग्ध अवस्था में मिले, जीआरपी ने परिजनों को सौंपा
वाराणसी। जीआरपी कैंट पुलिस ने सराहनीय कार्य करते हुए ऑपरेशन ‘मुस्कान’ के तहत दो गुमशुदा बच्चों को सकुशल बरामद कर उनके परिजनों को सौंप दिया। दोनों बच्चे रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर संदिग्ध अवस्था में मिले थे। पुलिस की तत्परता और संवेदनशीलता के चलते बच्चों को सुरक्षित उनके परिवार तक पहुंचाया गया।
प्लेटफॉर्म पर संदिग्ध हालत में मिले बच्चे
जानकारी के अनुसार 20 मार्च 2026 की रात करीब 10 बजे जीआरपी कैंट वाराणसी की टीम प्लेटफॉर्म नंबर 5 पर चेकिंग और गश्त कर रही थी। इसी दौरान दो बच्चे संदिग्ध हालत में घूमते मिले। पूछताछ में उनकी पहचान गुरुपद (12 वर्ष) और रोहन (10 वर्ष) के रूप में हुई, जो गोंडा जिले के रहने वाले हैं।
घर से नाराज होकर निकले थे बच्चे
पूछताछ में बच्चों ने बताया कि वे घर से नाराज होकर निकल आए थे। जांच में पता चला कि दोनों बच्चों के गुमशुदगी का मुकदमा थाना कटरा बाजार, जनपद गोंडा में पहले से दर्ज था। इसके बाद पुलिस ने तुरंत संबंधित थाना और चाइल्ड हेल्पलाइन को सूचना दी।
परिजनों को सौंपे गए बच्चे
सूचना मिलने पर गोंडा पुलिस और बच्चों के परिजन वाराणसी पहुंचे। आवश्यक कार्रवाई पूरी करने के बाद दोनों बच्चों को उनके माता-पिता के सुपुर्द कर दिया गया। अपने बच्चों को सकुशल पाकर परिजनों ने जीआरपी पुलिस का आभार व्यक्त किया और टीम की सराहना की।
इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका
इस पूरे अभियान में जीआरपी कैंट वाराणसी के प्रभारी निरीक्षक रजोल नागर के नेतृत्व में उपनिरीक्षक अशोक कुमार ओझा और कांस्टेबल चंदन गुप्ता की अहम भूमिका रही। टीम की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई से बच्चों को सुरक्षित बचाया जा सका।
लगातार चल रहा है ऑपरेशन ‘मुस्कान’
रेलवे पुलिस द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन ‘मुस्कान’ के तहत स्टेशन और आसपास के क्षेत्रों में लगातार निगरानी की जा रही है, ताकि गुमशुदा बच्चों को खोजकर सुरक्षित उनके परिजनों तक पहुंचाया जा सके। यह अभियान बच्चों की सुरक्षा और अपराध की रोकथाम के लिए महत्वपूर्ण साबित हो रहा है।