देवनाथपुर में अचानक ढहा जर्जर मकान, सड़क पर फैला मलबा; बाल-बाल बचे लोग

 

वाराणसी। दशाश्वमेध वार्ड के देवनाथपुर क्षेत्र में हवेली से शिव-काली मंदिर की ओर जाने वाले मार्ग पर एक जर्जर मकान तोड़ने के दौरान अचानक भरभराकर गिर गया। मकान का मलबा पूरी सड़क पर फैलने से रास्ता पूरी तरह बंद हो गया। गनीमत रही कि हादसे के समय कोई व्यक्ति इसकी चपेट में नहीं आया। घटना के बाद इलाके में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी मच गई और मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई।

जानकारी के अनुसार D 31/297, देवनाथपुर स्थित मकान मोहम्मद स्वालेह का बताया जा रहा है। स्थानीय लोगों के मुताबिक भवन काफी समय से जर्जर हालत में था और उसे तोड़ने का काम किया जा रहा था। इसी दौरान अचानक मकान का एक हिस्सा ढह गया। कुछ ही पलों में ईंट और अन्य निर्माण सामग्री का मलबा सड़क पर फैल गया।

शिव-काली मंदिर जाने वाला रास्ता पूरी तरह बंद

मकान गिरने से हवेली से देवनाथपुर स्थित शिव-काली मंदिर की ओर जाने वाला मार्ग पूरी तरह अवरुद्ध हो गया है। रास्ते पर बड़ी मात्रा में मलबा जमा होने के कारण लोगों का आवागमन नहीं हो पा रहा है।

इससे आसपास रहने वाले लोगों के साथ मंदिर आने-जाने वाले श्रद्धालुओं को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि मलबा हटाए जाने के बाद ही इस रास्ते से सामान्य आवागमन शुरू हो सकेगा।

अचानक मकान गिरा तो मची अफरा-तफरी

जर्जर मकान का हिस्सा अचानक गिरने से आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत दूसरों को घटनास्थल से दूर रहने को कहा। राहत की बात यह रही कि मकान गिरने के समय कोई राहगीर या स्थानीय व्यक्ति मलबे की चपेट में नहीं आया।

हादसे में फिलहाल किसी के घायल होने अथवा अन्य जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं है। हालांकि जिस रास्ते पर मलबा गिरा, वहां सामान्य दिनों में लोगों की आवाजाही रहती है। ऐसे में घटना के समय किसी के वहां मौजूद नहीं होने से बड़ा हादसा टल गया।

तत्काल मलबा हटाने की मांग

स्थानीय लोगों ने नगर निगम और संबंधित विभाग से मौके पर पहुंचकर मलबा जल्द हटवाने की मांग की है, जिससे शिव-काली मंदिर समेत आसपास के इलाकों की ओर आवागमन बहाल हो सके।इसके साथ ही क्षेत्र में मौजूद अन्य पुराने और जर्जर भवनों की स्थिति की जांच कराने की मांग भी की जा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि घनी आबादी वाले पुराने शहर में जर्जर मकानों को लेकर समय रहते जरूरी सुरक्षा उपाय किए जाने चाहिए। इस बार किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, लेकिन ऐसी घटनाएं भविष्य में गंभीर हादसे का कारण बन सकती हैं।