अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर एनडीआरएफ जवानों और नागरिकों ने किया सामूहिक योगाभ्यास
वाराणसी। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर 11वीं वाहिनी एनडीआरएफ, वाराणसी द्वारा चौकाघाट स्थित वाहिनी मुख्यालय में भव्य योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य आपदा प्रबंधन जैसे चुनौतीपूर्ण कार्यों में जुटे एनडीआरएफ के अधिकारियों, जवानों तथा उनके परिजनों के बीच योग के प्रति जागरुकता बढ़ाना और स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करना था।
उप महानिरीक्षक मनोज कुमार शर्मा के निर्देशन में आयोजित इस कार्यक्रम में एनडीआरएफ के अधिकारियों और जवानों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। योगाभ्यास के दौरान प्रतिभागियों को विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान की विधियों का अभ्यास कराया गया। कार्यक्रम में काशी हिंदू विश्वविद्यालय के योग वेलनेस सेंटर से आए प्रशिक्षक ऋषभ पाण्डेय और यश मौर्य ने योग सत्र का संचालन किया तथा योग के शारीरिक एवं मानसिक लाभों के बारे में विस्तृत जानकारी दी।
योग दिवस के अवसर पर केवल वाराणसी ही नहीं, बल्कि एनडीआरएफ के बचावकर्मियों ने नमो घाट, सारनाथ, गोरखपुर, लखनऊ और भोपाल सहित विभिन्न स्थानों पर भी सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रमों में भाग लिया। इन कार्यक्रमों में विभिन्न संस्थाओं, सरकारी निकायों, कर्मचारियों और विद्यालयों के विद्यार्थियों ने भी सहभागिता की। एनडीआरएफ कर्मियों ने लोगों को नियमित रूप से योग अपनाने और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया।
इस अवसर पर उप महानिरीक्षक मनोज कुमार शर्मा ने सभी को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है। योग न केवल शरीर को स्वस्थ और सशक्त बनाता है, बल्कि मानसिक संतुलन, एकाग्रता और तनाव प्रबंधन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि आपदा प्रबंधन जैसे कठिन और चुनौतीपूर्ण कार्यों में लगे कर्मियों के लिए शारीरिक फिटनेस के साथ मानसिक दृढ़ता भी आवश्यक है, जिसमें योग महत्वपूर्ण योगदान देता है।
उन्होंने बताया कि 11वीं वाहिनी एनडीआरएफ समय-समय पर स्वास्थ्य, फिटनेस और जनजागरूकता से जुड़े कार्यक्रमों का आयोजन करती रहती है, जिससे कर्मियों की कार्यक्षमता और समग्र स्वास्थ्य बेहतर बना रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने नियमित रूप से योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया।